रक्षाबंधन पर्व के एक दिन पूर्व रविवार को शहर सहित ग्रामीण क्षेत्रों के बाजार खरीदारों से गुलजार रहे। तरह-तरह की सजाई गई राखी तथा मिठाई की दूकानों पर देर शाम तक खरीदारी का क्रम बना रहा। इसके साथ ही अन्य प्रकार की सामग्रियों की दूकानों पर भी ग्राहक जमे रहे। सबसे अधिक भीड़ शाम के समय हुई, जिसके चलते कई मार्गों पर आवागमन में अवरोध उत्पन्न हुआ।
भाई बहन के प्रेम का प्रतीक पर्व रक्षाबंधन आज मनाया जाएगा। पर्व के मद्देनजर करीब एक सप्ताह पहले से महुआबाग, मिश्रबाजार, गोराबाजार, टाउनहाल, लंका, रौजा, लालदरवाजा, चीतनाथ, नखास, नवाबगंज, सकलेनाबाद आदि इलाकों में राखी की दूकानें सजा दी गई थीं। इन दूकानों पर बहनों ने राखी खरीद भी शुरू कर दी थी, लेकिन खरीददारों की संख्या में कमी थी।
इसी क्रम में पर्व से एक दिन पूर्व रविवार को दोपहर बाद से राखी की दूकानों पर खरीददारों की भीड़ उमड़ पड़ी। कोई भी ऐसी दूकान नहीं दिख रही थी, जिस पर महिलाएं और युवतियां राखी की खरीदारी न कर रही हों। युवतियां और महिलाएं दूकानों पर तरह-तरह की राखियों को पसंद कर रही थीं। भाई की कलाई पर कौन सी राखी सजेगी, इसके लिए वह तमाम प्रकार की वेरायटी को देख रही थीं।
छोटी बच्चियां भी राखी को लेकर काफी उत्साहित दिख रही थी। बाजारों में धागा, फैंसी राखियों के अलावा नग की राखियों को खूब पसंद किया गया। राखी की खरीददारी के लिए सबसे ज्यादा भीड़ शहर के महुआबाग और मिश्रबाजार में रही। महुआबाग में जहां एक ही स्थान पर एक दर्जन से अधिक राखी की दूकानें लगी थीं, वहीं मिश्रबाजार में भी आधा दर्जन से अधिक दूकानें लगी थीं।