गाजीपुर। सीआईएससीई बोर्ड की आईएससी और आईसीएसई परीक्षा में कामयाबी का परचम लहराने वाले कई मेधावी प्रशासनिक सेवा में जाने की हसरत रखते हैं। वहीं कुछ की इंजीनियरिंग एवं चिकित्सा के क्षेत्र में जाने की इच्छा है। इसी को लक्ष्य बनाकर उनकी तरफ से अभी से ही तैयारी की जा रही है। कुछ ने बेहतर अंक पाने के लिए यू-ट्यूब का भी सहारा लिया।
12वीं की छात्रा दिव्यांशी श्रीवास्तव आईएएस बनना चाहती हैं। उन्होंने बोर्ड परीक्षा में करीब 12 घंटे की पढ़ाई कर यह सफलता प्राप्त की है। उन्होंने पढ़ाई के लिए सोशल मीडिया का सहारा नहीं लिया। दिव्यांश राय की भी प्रशासनिक सेवा में जाने की तमन्ना है। वह रोजाना 5-6 घंटे की पढ़ाई करते थे। यू-ट्यूब के माध्यम से ऑनलाइन क्लास का लाभ उठाया। अर्चित नागर ने यह कामयाबी 6-7 घंटे की पढ़ाई कर हासिल की। उनकी आईएएस बनने की इच्छा है। प्रांजल यादव इंजीनियरिंग के क्षेत्र में जाना चाहते हैं। 8 से 10 घंटे की पढ़ाई कर उन्होंने यह सफलता पाई है। मुबशरह वसीम जियो फिजिस्ट बनने के लिए लगन के साथ जुटी हैं। उनका कहना है कि 3-4 घंटे की पढ़ाई में उन्होंने यह उपलब्धि हासिल की है। आराध्या वर्मा सीए, प्रांजली तिवारी एमबीए कर व्यवसाय, तान्या वर्मा बैंकिंग और अदिति राय की हसरत सीए बनने की है। इसी प्रकार 10वीं के आयूष गुप्ता व्यवसाय, ईरम वकार डाक्टर, सारांश कुमार आईएएस और रोशन कुशवाहा इंजीनियरिंग के क्षेत्र में भविष्य बनाना चाहते हैं। मेधावियों का कहना है कि समय सारिणी निर्धारित कर लगन के साथ अगर पढ़ाई की जाए तो सफलता कदम चूमेगी।
आईएससी और आईसीएसई की बोर्ड परीक्षा में कई मेधावियों ने विभिन्न विषयों में शत-प्रतिशत अंक अर्जित किए। सेंट जांस स्कूल के दसवीं के छात्र आयुष गुप्ता, पंकज यादव, संध्या यादव ने कंप्यूटर एप्लीकेशन, प्रांजल सिंह कुशवाहा, रोशन कुशवाहा एवं देवांश सिंह ने इतिहास, आशुतोष कुमार, श्रुति यादव ने जीव विज्ञान और ईरम वकार एवं प्रांजल सिंह कुशवाहा ने हिंदी में 100 में 100 अंक पाए। आयुष गुप्ता ने गणित में 99, मुहम्मद नवाज ने अंग्रेजी में 98, प्रांजल सिंह कुशवाहा ने भौतिक में 97, आशुतोष कुमार ने जियोलाजी में 95, सारांश कुमार और सृष्टि गहलोत ने अंग्रेजी में 94 और देवांश सिंह ने कॉमर्शियल एप्लीकेशन में 93 अंक प्राप्त किया। इसी प्रकार 12वीं में दिव्यांशी श्रीवास्तव ने हिंदी में 99, रसायन में 98, अंग्रेजी में 96, दिव्यांश राय, प्रांजल यादव ने गणित में 98, अर्चित नागर ने भौतिक में 99 और कंप्यूटर में 97 अंक हासिल किए।