भाजपा विधायक स्व. कृष्णानंद राय की 11वीं पुण्यतिथि पर रविवार को मुहम्मदाबाद स्थित शहीद पार्क में आयोजित श्रद्धांजलि सभा में लोगों ने उन्हें और उनके साथियों को याद किया। सभा के मुख्य अतिथि भारत सरकार के सूक्ष्म लघु एवं मध्यम उद्योग राज्य मंत्री गिरिराज सिंह ने दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि कोई भी शहादत बेकार नही जाती है। डा. शिवपूजन राय एवं उनके साथियों की शहादत नहीं हुई होती तो देश आजाद नहीं होता।
उन्होंने कहा कि आजादी के बाद देश में नया आतंकवाद शुरू हुआ जो फलते फूलते देश के जर्रे-जर्रे में बैठ गया। स्व. कृष्णानंद राय ने इसी आतंकवाद से लड़ते हुए अपने साथियों के साथ जो शहादत दी है वह व्यर्थ नहीं जाएगी। उसी का परिणाम है कि आज देश में जो माहौल बन रहा है उससे लोगों में उम्मीद जगी है कि प्रधानमंत्री मोदी की अगुवाई में भारत का मोस्ट वांटेड दाऊद इब्राहिम भी शीघ्र भारत आयेगा। भारत से आतंकवाद समाप्त होगा।
आज देश में धर्मनिरपेक्षता एवं सहिष्णुता पर चर्चा हो रही है। जबकि चर्चा देश के विकास, जीएसटी एवं सर्वोच्च न्यायालय द्वारा देश में कामन सिविल कोड लागू किये जाने पर होनी चाहिए। अल्पसंख्यकों की संख्या, किसे अल्पसंख्यक का दर्जा मिलना चाहिए, इन बातों पर चर्चा के बजाए वोट बैंक की राजनीति की जाती है।
मुहम्मदाबाद की घटना भी वोट बैंक की राजनीति के चलते हुई। केन्द्रीय रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा ने स्व. कृष्णानंद एवं उनके साथ शहीद हुए पूर्व ब्लाक प्रमुख श्यामाशंकर राय, रमेशनारायण राय, अखिलेश राय, शेषनाथ पटेल, मुन्ना यादव, निर्भयनारायण उपाध्याय को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि सत्ता के सहयोग से यह राजनीतिक हत्या की गई थी जिसका मामला सीबीआई कोर्ट में चल रहा है। इस लड़ाई को अंजाम तक पहुंचाने का प्रयास चल रहा है।