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पुलिस के लिए सिरदर्द बना टाप टेन अपराधी शिवा बिंद

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गाजीपुर। पुलिस के लिए सिरदर्द बने जनपद के टाप टेन अपराधियों की तलाश जारी है। मुख्य निशाने पर लंबे समय से फरार कुख्यात अपराधी शिवशंकर उर्फ शिवा पुत्र छोटू बिंद है। इसके ऊपर 50 हजार रुपये का इनाम भी घोषित है। जरायम की दुनिया में कदम रखने के बाद शिवा ने कई बड़ी वारदातों को अंजाम दिया है। पुलिस डेढ़ साल से उसकी तलाश कर रही है। नंदगंज के इनामिया अपराधी राजेश दूबे उर्फ टून्नू और खानपुर के इनामिया बनारसी यादव को भी पुलिस सरगर्मी से खोज रही है। इनके ठिकानों का पता लगाने के साथ ही इनके शरणार्थियों पर भी पुलिस की कड़ी नजर है।
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शहर कोतवाली पुलिस की चैन छीनने वाला रजदेपुर- देहाती निवासी शिवशंकर उर्फ शिवा बिंद पिछले डेढ़ साल से फरार चल रहा है। इसके ऊपर संगीन धाराओं में कई आपराधिक मुकदमों के साथ गैंगेस्टर तक की कार्रवाई की गई है। यह शहर के हिस्ट्रीशीटरों में से एक है। इसके ऊपर अपर पुलिस महानिदेशक (एडीजी) अपराध शाखा लखनऊ द्वारा 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है। नवागत पुलिस अधीक्षक डा. ओम प्रकाश सिंह ने चार्ज संभालने के साथ ही टाप टेन अपराधियों पर शिकंजा कसते हुए इन्हें तत्काल गिरफ्तार करने का निर्देश दिया है। पुलिस के बीच चर्चा में रहने वाला दूसरा नाम नंदगंज थाने के अलीपुर बनगांवा निवासी राजेश दूबे उर्फ टून्नू का है। इस पर भी पुलिस महानिरीक्षक वाराणसी ने 50 हजार रुपये का इनाम रखा है। यह नंदगंज थाने का हिस्ट्रीशीटर भी है। पुलिस पिछले दो साल से इसकी तलाश कर रही है। तीसरा इनामिया अपराधी खानपुर थाना क्षेत्र के गौरहट गांव निवासी बनारसी यादव है। इसके सिर पर 20 हजार रुपये का इनाम पुलिस अधीक्षक ने घोषित किया है। लंबे समय से यह पुलिस की नाक में दम किए हुए है। टाप- टेन के अपराधियों में बहरियाबाद थाने के देईपुर निवासी बिहारी उर्फ चंद्रजय राम भी फरार चल रहा है। इस पर गुंडा एक्ट तक की कार्रवाई की जा चुकी है। यह थाने का हिस्ट्रीशीटर भी है। पुलिस टीम अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दे रही है लेकिन अभी तक सफलता नहीं मिली है।
इनके साथ ही टाप टेन के अपराधी भुड़कुड़ा थाने के इब्राहिमपुर निवासी अभय यादव उर्फ राजू, नंदगंज थाने के दबेपुर निवासी राकेश यादव, खानपुर थाने के नईकोट निवासी वकील यादव, कासिमाबाद कोतवाली के डाही निवासी वीर प्रताप सिंह तथा मरदह थाने के पिपनार निवासी सभाजीत सिंह को वर्तमान समय में जमानत पर छोड़ा गया है। जबकि शहर कोतवाली के स्टीमर घाट निवासी गोलू चौधरी इन दिनों जेल में बंद है। इस पर गुंडा और गैंगेस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की जा चुकी है।
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