फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

किसी के चेहरे पर खुशी तो कोई लौट रहा निराश

विज्ञापन
सुहवल थाने में महिला हेल्प डेस्क कक्ष में कार्यो को निपटाती प्रभारी हेल्प डेस्क एकता पांडेय। - फोटो : GHAZIPUR
विज्ञापन
गाजीपुर। जिले के विभिन्न थानों में स्थापित महिला हेल्प डेस्क पीड़ितों के चेहरे पर खुशी लाने में जुटा है। कुछ को निराशा भी हाथ लग रही है। इसके स्थापित होने से महिलाओं को काफी राहत मिल रही है। वह अपनी बात सीधे महिला पुलिस कर्मियों के सामने रख रही हैं। कई थानों पर महज 24 घंटे में ही घरेलू हिंसा एवं पति-पत्नी के बीच के विवाद को सुलह-समझौते से निस्तारित भी किया गया है। इतना ही नहीं डेस्क पर आए मामलों का त्वरित निस्तारण के लिए एसपी डा. ओपी सिंह द्वारा नजर रखने के साथ समय-समय पर निरीक्षण भी किया जा रहा है। शासन के निर्देश पर मिशन शक्ति के तहत बीते नवंबर माह में जनपद के 26 थानों पर महिला हेल्प डेस्क का शुभारंभ किया गया है। इसके बाद पीड़िताओं के आने का क्रम यहां शुरू हो गया है। महिला हेल्प डेस्क पर तैनात महिला पुलिस कर्मी द्वारा रजिस्टर पर नाम दर्ज करने के साथ आवेदन-पत्रों को आनलाइन किया जा रहा है। अब तक हेल्प डेस्क पर करीब 743 मामले आए हैं, इसमें 737 का निस्तारण हो चुका है। हेल्प डेस्क पर सबसे अधिक मामले घरेलू हिंसा व पति-पत्नी विवाद के आए हैं। इसमें अधिकांश मामलों को प्राथमिकता के तौर पर सुलह-समझौते के साथ निस्तारित कर दिया गया है। जबकि मारपीट, दुष्कर्म, दहेज उत्पीड़न जैसे मामले न्यायालय में भेजा गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें