चार दशक पहले एनएच 24 पर गंगा पर बने हमीद सेतु पर संकट के बादल मंडराने लगे लगे हैं। देखरेख की कमी और भारी वाहनों के गुजरने के कारण सेतु के ज्वाइंट संख्या तीन के दोनों तरफ के रोलर बेयरिंग खिसकने से ज्वाइंट के मध्य चार इंच की दरार पड़ गई है।
मंगलवार को इसकी जानकारी होने पर एनएच के अधिकारियों में हड़कंप मच गया। मौके पर पहुंचे अधिकारियों ने एहतियात के तौर पर दरार वाले स्थान पर बोल्डर घेरा बनवाने के बाद मरम्मत जल्द शुरू कराने का आश्वासन दिया। इस बीच जिलाधिकारी डॉ. अशोक चंद्र ने हमीद सेतु पर भारी वाहन ले जाने पर प्रतिबंध लगाने का आदेश जारी कर दिया।
हमीद सेतु पर मंगलवार की सुबह ज्वाइंट नंबर 3 के दोनों तरफ के रोलर बेयरिंग के खिसकने से ज्वाइंट के मध्य 4 इंच की दरार देखी गई। उसका स्लैब भी 3 इंच नीचे खिसका हुआ मिला। विभागीय कर्मचारियों ने इसकी जानकारी अधिकारियों को दी। एनएच 24 के अधिशासी अभियंता लालजी, एईडी एन कुशवाहा, अवर अभियंता अवधेश कुमार समेत सभी कर्मचारी व अधिकारी मौके पर पहुंच गए।
घंटों निरीक्षण करने के बाद अधिनस्थ कर्मचारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिया। ज्वाइंट वाले जगह को वोल्डरों से घेर दिया गया है। क्षेत्रीय लोगों को सेतु में दरार पड़ने की जानकारी हुई तो काफी भीड़ जुट गई। इसके पूर्व में भी सेतु में सात बार दरार और बेयरिंग खिसकने की घटना हो चुकी है। उसके बाद भी विभागीय अधिकारी चुप्पी साधे हुए हैं। पुल पर दरार पड़ने की जानकारी होने पर जिलाधिकारी के निर्देश पर पुल पर भारी वाहनों को ले जाने पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। इस पुल पर जीप, कार को छोड़ कर ट्रक, बस आदि भारी वाहन नहीं चलेंगे।