गाजीपुर जिले में नोनहरा थाने की पुलिस ने सोमवार रात अटवा मोड़ पक्का पुल मंदिर के पास मुठभेड़ के दौरान दो गो तस्करों परमजीत सिंह, गुरपंत सिंह को गिरफ्तार किया। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में परमजीत सिंह के बाएं पैर में गोली लगी है। उसे उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज अस्पताल भेजा गया है। आरोपियों के कब्जे से पंजाब नंबर की डीसीएम, 10 गोवंश, तमंचा, खोखा और कारतूस बरामद किए गए हैं।
क्या है पूरा मामला
कासिमाबाद के सीओ अनुभव राजर्षि ने बताया कि अपराध और अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत सोमवार रात नोनहरा थानाध्यक्ष विवेक कुमार तिवारी पुलिस टीम के साथ गश्त पर थे। चौकी प्रभारी अटवा मोड़ से सूचना मिली कि संदिग्ध डीसीएम गाजीपुर घाट की ओर से मुहम्मदाबाद होते हुए बिहार की तरफ जा रही है। पुलिस टीम ने अटवा मोड़ पक्का पुल मंदिर के पास घेराबंदी कर डीसीएम को रोकने का प्रयास किया।
पुलिस के अनुसार, डीसीएम सवार बदमाशों ने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से निशाना साधकर फायरिंग शुरू कर दी। आत्मरक्षा में पुलिस ने संतुलित फायरिंग की। इसमें परमजीत सिंह के बाएं पैर में गोली लगी। उसे तत्काल सदर अस्पताल भेजा गया। वहीं उसके साथी गुरपंत सिंह को मौके से गिरफ्तार कर लिया गया।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे पंजाब से डीसीएम में गोवंश लादकर बिहार ले जा रहे थे। पुलिस ने उनके कब्जे से एक तमंचा, एक खोखा कारतूस, एक जिंदा कारतूस, पंजाब नंबर की एक डीसीएम और 10 गोवंश बरामद किए हैं। पुलिस ने मुठभेड़ और बरामदगी के संबंध में अभियोग पंजीकृत कर विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।