गाजीपुर। गंगा नदी फिर उफनाने लगी है। जिला प्रशासन भी संभावित बाढ़ के खतरे को लेकर अलर्ट है। केंद्रीय जल आयोग से बढ़ते जलस्तर की पल-पल की रिपोर्ट ली जा रही है। शाम चार बजे तक गंगा तीन सेमी प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ रही थी। हालांकि चार बजे के बाद गंगा में बढ़ाव दो सेमी प्रति घंटे की रफ्तार से रहा।
पहाड़ी क्षेत्रों पर हो रही लगातार बारिश और विभिन्न बांधों से पानी छोड़े जाने के कारण गंगा के जलस्तर में वृद्धि दर्ज की जा रही है। बढ़ाव का एक कारण गंगा की सहायक नदी यमुना भी है। यमुना में भी लगातार जलस्तर बढ़ रहा है। इसका सीधा असर गंगा के जलस्तर पर देखने को मिल रहा है। शुक्रवार को सुबह आठ बजे तक गंगा का जलस्तर दो सेमी प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ रहा था। दोपहर 12 बजे इसमें इजाफा दर्ज किया गया। गंगा का जलस्तर तीन सेमी प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ता रहा। यह क्रम शाम चार बजे तक चला। चार बजे के बाद गंगा की रफ्तार थोड़ी धीमी हुई। प्रति घंटे की रफ्तार दो सेमी पर आ गई। हालांकि वर्तमान में गंगा नदी सामान्य जलस्तर के नीचे बह रही है।
समय गंगा का जलस्तर
सुबह आठ बजे 58.850 मीटर
दोपहर 12 बजे 59.010 मीटर
शाम चार बजे 59.100 मीटर
बाढ़ की स्थिति का मापदंड
सामान्य जलस्तर 59.906 मीटर
चेतावनी बिंदु 61.550 मीटर
खतरा बिंदु 63.105 मीटर
उच्च बाढ़ स्तर 65.220 मीटर