गाजीपुर। गंगा में मिली नवजात ‘गंगा’ आखिरकार दस दिनों बाद जिला महिला अस्पताल से डिस्चार्ज हो गई। बृहस्पतिवार को चाइल्ड लाइन के कर्मचारियों ने उसे बाल कल्याण समिति के सामने पेश किया गया। जहां से समिति के सदस्यों के आदेश पर उसे प्रयागराज स्थित शिशु गृह भेजा गया। अब गंगा का लालन-पालन प्रयागराज में होगा। माता-पिता के ठुकराने के बाद नाविक रामू मल्लाह के कलेजे में ममत्व का भाव पैदा करने वाली गंगा दस दिनों तक जिला महिला अस्पताल के आईसीयू वार्ड में भर्ती रही। जहां डॉक्टरों की टीम लगातार निगरानी करती रही। जब गंगा को डिस्चार्ज किया गया तो हर किसी के चेहरे पर उदासी झलक रही थी। वहीं गंगा चाइल्ड लाइन कर्मचारियों के गोद में मुस्कारते हुए अपने नए घर जाने से अनभिज्ञ थी। जिला प्रोबेशन अधिकारी अनिल सोनकर ने बताया कि चाइल्ड लाइन कर्मचारियों द्वारा डिस्चार्ज के गंगा को बाल कल्याण समिति के सामने पेश किया गया। जहां सदस्यों के आदेश पर उसे प्रयागराज शिशु गृह भेज दिया गया।