सेवराई। ग्राम पंचायत में कराए गए विकास कार्यों का भुगतान ना होने पर आक्रोशित ग्राम प्रधान ने कर्मचारियों को बाहर निकालकर शुक्रवार को ब्लाक कार्यालय में ताला जड़ दिया। घंटों कर्मचारी बाहर इंतजार करते रहे। कर्मचारियों ने इसकी जानकारी आला अधिकारियों को दी। जिस पर ब्लाक कार्यालय पहुंचे नवागत खंड विकास अधिकारी और एसडीएम सेवराई राजेश प्रसाद चौरसिया ने ताला खुलवाया। करीब डेढ़ घंटे तक इसे बाधा रही। एसडीएम सेवराई ने सरकारी कार्य में बाधा डालने के आरोप में ग्राम प्रधान के खिलाफ कार्रवाई का निर्देश दिया।
भदौरा विकास खंड कार्यालय में दोपहर करीब एक बजे मनरेगा से कराए गए कार्यों के भुगतान व विभिन्न मांगों के तहत आक्रोशित ग्राम प्रधान भदौरा प्रदीप राजभर ब्लॉक कार्यालय पहुंचे। जहां खंड विकास अधिकारी नहीं मिले। आरोप है कि उन्होंने ब्लॉक में मौजूद कर्मचारियों को ब्लॉक कार्यालय से बाहर निकालते हुए मुख्य गेट में ताला जड़ दिया। प्रधान ने बताया कि मनरेगा के तहत गांव के विकास कार्य में लाखों रुपये खर्च किया गया है लेकिन भुगतान अब तक नहीं हो सका है। इसके लिए कार्यालय में तालाबंदी कर अपनी मांग रखी गई है। कार्यालय में ताला जड़ने के बाद कर्मचारियों ने इसकी सूचना उच्च अधिकारीयों एवं एसडीएम सेवराई को दी। सूचना पाकर मौके पर पहुंचे नवागत खंड विकास अधिकारी ने ग्राम प्रधान को समझाने का प्रयास किया लेकिन असफल रहे। एसडीएम विकास खंड कार्यालय पहुंचे और उन्होंने मौजूद पुलिसकर्मियों से बलपूर्वक ताला खोलने एवं संबंधित दोषी ग्राम प्रधान प्रदीप राजभर पर आवश्यक दंडात्मक कार्रवाई के लिए निर्देशित किया।