इससे स्पष्ट हुआ कि जनपद स्तरीय अधिकारियों की ओर से निस्तारण में ध्यान नहीं दिया जा रहा है। अधिकारियों की इस उदासीनता के कारण जहां एक ओर आमजन को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है, वहीं दूसरी ओर समस्या का समुचित समाधान न होने पर आमजन द्वारा एक ही शिकायत को एकाधिक प्लेटफार्म पर दर्ज कराया जा रहा है। ऐसे में डीएम ने 78 अधिकारियों के अगस्त माह का वेतन रोक दिया है।
इसमें उप निदेशक कृषि, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, जिला पंचायती राज अधिकारी, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी,जिला कार्यक्रम अधिकारी, जिला कृषि अधिकारी, अधिशासी अभियंता प्रांतीय खंड लोक निर्माण विभाग, अधिशासी अधिकारी ग्रामीण अभियंत्रण विभाग समेत 23 जिला स्तरीय अधिकारी और ईओ सदर, बीडीओ सदर, रेवतीपुर, मुहम्मदाबाद,बाराचवर, समेत 55 पूरे जिले के अलग-अलग विभागों के अधिकारी शामिल हैं। इनका फीडबैक 45 फीसदी से भी कम हैं। डीएम ने बताया कि अगस्त में 75 प्रतिशत से कम संतुष्ट फीडबैक प्राप्त अधिकारियों का संतोषजनक स्पष्टीकरण प्राप्त न होने तक वेतन रोका गया है।