गाजीपुर। जिला योजना समिति की बैठक 21 दिसंबर को स्थगित कर दी गई थी। 4 जनवरी को जिले के प्रभारी मंत्री रवींद्र जायसवाल का कार्यक्रम मिला तो जिला प्रशासन ने आनन-फानन में 3 जनवरी को जनप्रतिनिधियों को खबर भेजकर शनिवार को जिला योजना की बैठक बुला ली। इस पर सभी जिला पंचायत सदस्यों ने बैठक का बहिष्कार कर दिया। प्रशासन पर अपमानित करने और प्रोटोकॅाल का पालन किए बगैर बैठक बुलाने का आरोप लगाया। कहा कि उनसे कोई प्रस्ताव नहीं मांगा गया। जंगीपुर विधायक ने सड़क गड्ढामुक्त करने के लिए आए बजट से हुए कार्यों की सूची उपलब्ध कराने को कहा। साथ ही जिला योजना की बैठक में प्रोटोकाॅल का पालन न करने की शिकायत की। इस पर प्रभारी मंत्री ने आश्वासन दिया कि अगली बैठक में सदस्यों को एक सप्ताह पहले सूचना दी जाएगी। साथ ही उन्होंने निर्देश दिया कि जो भी शासन की योजना प्रस्तावित होती है तो उसकी सूची से जनप्रतिनिधियों को अवश्य अवगत कराएं। ग्रामीणांचलों में जैविक खेती को बढ़ावा देने एवं पॉली हाउस के लिए चौपाल लगाकर किसानों का जागरूक किया जाए। किसानों के गन्ना के भुगतान में किसी प्रकार की ढिलाई न हो, समय से भुगतान किया जाय। इस मौैके पर राज्य सभा सांसद डाॅ. संगीता बलवंत, बलिया सांसद सनातन पाण्डेय, जिला पंचायत अध्यक्ष सपना सिंह, विधायक सदर जैकिशुन साहू, विधायक जखनियां बेदीराम, नगर पालिका अध्यक्ष सरिता अग्रवाल।
तस्करों से बचाने के लिए नहीं लग रहा गायों का मेला ः पूर्व मंत्री ओम प्रकाश सिंह ने दिलदारनगर में बकरी, मवेशियों की तरह गायों की मेला के आयोजन बंद करने का मुद्दा उठाया, इसपर एमएलसी विशाल सिंह चंचल ने कहा कि मेले इसलिए आयोजित नहीं होना चाहिए कि गाय खरीदने तस्कर भी आते हैं।