व्यापारी ने बताया कि एक ट्रक झाडू की औसत कीमत 15 लाख रुपये होती है। 10 ट्रक झाड़ू धनतेरस के लिए आई है। स्थानीय व्यापारी मदन लाल ने बताया कि विदेशी झाड़ुओं की गुणवत्ता को देखते हुए लोग इन्हें पसंद कर रहे हैं। त्योहार पर बिक्री में इजाफा होगा। इस बार झाडू की बिक्री पिछले साल से अधिक होने की उम्मीद है। धनतेरस के लिए छोटे दुकानदारों ने अभी से ही झाड़ू मंगा ली है।
विदेशों से आता है कच्चा उत्पाद
झाड़ू के थोक कारोबारी गौरव केशरी ने बताया कि सींक वाली झाड़ुओं का कच्चा सामान इंडोनेशिया से आता है। फूल वाली झाड़ुओं का कच्चा माल नेपाल से मंगाया जाता है। कच्चे माल की मदद से आलमपट्टी में झाड़ू बनाई जाती है। यहां से पड़ोसी जिलों आजमगढ़, मऊ व बलिया में भी भेजी जाती है।