करंडा (गाजीपुर)। थाना क्षेत्र के ब्राह्मणपुरा गांव की चट्टी पर एक माह पूर्व दिनदहाड़े हौसला बुलंद बदमाशों की ओर से आरएसएस कार्यकर्ता एवं पत्रकार राजेश मिश्र की गोली मारकर हत्या करने के मामले की फाइल ठंडे बस्ते में सिमट गई है। पुलिस की तेज-तर्रार टीम एक माह तक अंधरे में तीर चलाती रही। लेकिन न तो हत्या का कारण स्पष्ट कर पाई और न ही हत्यारों तक पहुंच सकी। यहीं नहीं वाराणसी की एसटीएफ टीम को भी अब तक कोई कामयाबी नहीं मिली है।
बीते 21 अक्तूबर को ब्रह्मणपुरा चट्टी स्थित दुकान पर बैठे आरएसएस कार्यकर्ता और पत्रकार राजेश मिश्र की दिनदहाड़े बदमाशों ने फिल्मी अंदाज में गोली मारकर हत्या कर दी थी। जबकि उनके छोटे भाई अमितेश गंभीर रूप से घायल हो गए थे। घटना के बाद पुलिस महकमे के उच्चाधिकारियों और केंद्र-प्रदेश में सत्ताधारी पार्टी के बड़े नेता और मंत्री मौके पर पहुंचकर जल्द ही घटना का पर्दाफाश करने का दावा किया था। स्थानीय पुलिस प्रशासन ने आनन-फानन में इस हत्या का पर्दाफाश करने के लिए जिले के थानों के तेज-तर्रार थानाध्यक्षों और क्राइम क्रांच की टीम लगा दी। यहीं नहीं इस हत्याकांड के खुलासे के लिए उच्चाधिकारियों ने एसटीएफ की टीम भी लगा दी। लेकिन हत्या के एक महीने बाद भी हत्यारों तक पहुंचने में टीम नाकाम रही। ग्रामीणों का कहना है कि पुलिस तो अभी तक हत्या के कारण भी स्पष्ट नहीं कर पाई और न ही इस घटना को अंजाम देने के मास्टमांइड का पता लगा पाई। सूत्रों की मानी जाए तो पुलिस के सभी गतिविधियों की सूचना थाने का ही कोई खास व्यक्ति कोडवर्ड में कुख्यात राजू को दे रहा है। फिलहाल पुलिस की टीम अब चुनाव कराने में लगी हुई है और हत्याकांड की फाइल ठंडे बस्ते में सिमटती दिख रही है। एसपी सोमेन वर्मा ने बताया कि जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर घटना का पर्दाफाश कर दिया जाएगा। आरोपियों को पकड़ने के लिए पुलिस टीम लगातार छापेमारी कर रही है। ..