जमानिया। स्थानीय तहसील के आपूर्ति विभाग के सामने बुधवार की शाम ग्राम प्रधान और कोटेदार के बीच जमकर मारपीट हुई। इस मामले में ग्राम प्रधान ने कोतवाली में घटना की तहरीर दी। आपूर्ति विभाग के पास हुई इस मारपीट के बाद ग्राम प्रधान संघ और कोटेदार संघ आमने-सामने आ गए हैं। इसे लेकर दोनों एक-दूसरे के विरुद्ध कोतवाली पहुंचे।
बुधवार की शाम महली के ग्राम प्रधान उमेश यादव गांव के कुछ लोगों का नाम राशन कार्ड से कट जाने से क्षुब्ध होकर इसके बारे में जानकारी देने पूर्ति विभाग पहुंचे थे। आपूर्ति विभाग में वार्ता के दौरान कोटेदार से किसी बात को लेकर कहासुनी हुई और देखते ही देखते हाथापाई शुरू हो गई। ग्राम प्रधान उमेश ने बताया कि बुधवार के तीसरे पहर आपूर्ति कार्यालय में राशन कार्ड में कटे लाभार्थियों का आधार कार्ड फीडिंग कराने गया था। कार्यालय में तैनात एक प्राइवेट कर्मचारी से कार्ड को लेकर कहासुनी होने लगी। इसके बाद कार्यालय में मौजूद एक कोटेदार कर्मचारी को लोहे की रॉड से मुझे मारने-पीटने लगे और शर्ट फाड़ दिए। कार्यालय में मौजूद अन्य लोगों ने बीच-बचाव किया। घटना की सूचना प्रधानों को दी गई। प्रधान को मारने पीटने की सूचना जैसे ही अन्य प्रधानों को मिली तो सभी प्रधानों ने एकजुट होकर थाने पहुंचकर प्राइवेट कर्मी और कोटदार के खिलाफ गाली-गलौज और मारपीट की तहरीर दे उपजिलाधिकारी से मिलकर पूरे घटनाक्रम से अवगत कराया। इस बारे में पूछे जाने पर उपजिलाधिकारी रमेश मौर्य ने कहा की यह मामला मेरे संज्ञान में है। कोतवाली पुलिस को पूरे मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है। प्रधान द्वारा गांव के कार्डधारकों का नाम कटने की जानकारी दी गई थी। इसको लेकर कोटेदार संघ भी लामबंद होकर कोतवाली पहुंचा और ग्राम प्रधान पर भी एफआईआर दर्ज कराने की गुहार लगाई।