गाजीपुर जिले में जमीन की पैमाइश के बाद हुए बवाल और बाबूराम की मौत के मामले में सीएम के निर्देश पर एमएलसी, डीएम और एसपी मृतक के घर पहुंचे। इस दौरान जिलाधिकारी ने घटना का मजिस्ट्रियल जांच करने का आश्वासन परिजनों को दिया।
गाजीपुर जिले के चककमरौरा गांव में पैमाइश के बाद हुए घटनाक्रम की मजिस्ट्रियल जांच होगी। यह आश्वासन शनिवार को देर शाम जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने मृतक बाबूराम के परिजनों से मुलाकात के दौरान दी। सीएम के निर्देश पर गांव पहुंचे डीएम के साथ पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह एवं एमएलसी विशाल सिंह चंचल भी मौजूद रहे। इस दौरान परिजनों से बात कर शोक संतृप्त परिजनों को सांत्वना दी।
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अधिकारियों ने परिजनों को आश्वस्त किया कि पीड़ित परिवार को नियमानुसार सहायता उपलब्ध कराने के लिए प्रशासन द्वारा हर संभव प्रयास किया जाएगा। इस दौरान परिवार के एक सदस्य को संविदा पर नौकरी प्रदान करने सहित अन्य आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने का भी आश्वासन दिया गया।
जनप्रतिनिधि एवं अधिकारियों ने कहा कि पीड़ित परिवार को इस कठिन परिस्थिति में अकेला नहीं छोड़ा जाएगा तथा उनकी आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए हर संभव सहयोग प्रदान किया जाएगा। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों के माध्यम से नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित कराने का भरोसा दिलाया।
बाबूराम के परिजनों ने कहा कि किसके आदेश से तहसील के आलाधिकारी के द्वारा पैमाइश की जा रही थी। इस पर जिलाधिकारी ने बताया कि जनता दर्शन में शिकायत की गई थी। परिजनों ने आरोप लगाया कि मृतक के परिजनों का दस्तावेज तहसीलदार मोहम्मदाबाद के द्वारा फेंक दिया गया था।
जिलाधिकारी ने परिजनों को बताया कि 6 अगस्त को महिला मिली थीं। इस मामले में खूंटा उखाड़ने की शिकायत के बाद प्राथमिकी दर्ज की गई थी। खेती की जमीन पर सिविल न्यायालय का अधिकार नहीं है। वहीं, घटना को लेकर परिजनों के द्वारा घटनास्थल पर लोगों को दौड़ाकर मारने का प्रशासनिक हमले पर आरोप लगाया। अगर प्रशासन ने समय से मामले को गंभीरता से लिया होता तो आज यह घटना नहीं होती।
मुख्यमंत्री ने मामले को गंभीरता से लिया : एमएलसी
इस दौरान एमएलसी विशाल सिंह चंचल ने कहा कि मुख्यमंत्री ने मामले को गंभीरता से लिया है। उनके द्वारा आज प्रशासनिक टीम के तहत वार्ता के लिए भेजा गया है दोनों पक्षों की वार्ता कर परिजनों को न्याय दिलाने का कार्य होगा। वहीं, परिजनों ने इस घटना में लिप्त प्रशासनिक कर्मचारी और अन्य के खिलाफ जांच कर कार्रवाई की मांग की है। वहीं प्रशासन के द्वारा मृतक परिजनों को सरकार की योजनाओं लाभ का आश्वासन दिया गया। साथ ही टीम गठित कर जांच कर कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस मौके पर परिजनों के तरफ से चंद्रिका राम, गुलाब राम, गोपाल राय, मनन कांत, जेपी, नरेंद्र राव, धर्मेंद्र भारती, बृजेश संतोष सहित अन्य ग्रामीण मौके पर शामिल रहे।