बाजार में रविवार की सुबह दूकान पर ट्रक से माल उतारने के दौरान पुलिस ने चालक-खलासी सहित दूकानदार की पिटाई कर दी। पिटाई से दूकानदार का हाथ टूटने पर व्यापारियों में रोष व्याप्त हो गया और उन्होंने गाजीपुर-आजमगढ़ मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। थानाध्यक्ष की ओर से गलती मानते हुए माफी मांगने पर व्यापारी शांत हुए और जाम समाप्त किया। करीब एक घंटे तक जाम चलने से आवागमन करने वालों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
दुल्लहपुर बाजार में एक दूकान पर रविवार सुबह 10 बजे ट्रक से माल उतारा जा रहा था। इसी दौरान थानाध्यक्ष ग्यासुद्दीन वहां पहुंचे और चालक को इस बात के लिए फटकार लगाने लगे कि ट्रक खड़ा होने से आवागमन में अवरोध उत्पन्न हो रहा है। इसी बीच वह चालक और खलासी की पिटाई करने लगे। इसी दौरान एसओ की नजर दूकान में बैठे दूकानदार चंद्रिका जायसवाल पर पड़ी।
उन्होंने उसे पास बुलाया और आते ही यह समझकर कि उसी के दूकान का माल उतर रहा है, उसकी भी पिटाई शुरू कर दी। पिटाई से दूकानदार का एक हाथ टूट गया। पिटाई करने के बाद थानाध्यक्ष वहां से चले गए। घटना की जानकारी होते ही बाजार के दूकानदारों में आक्रोश व्याप्त हो गया। गुस्साए व्यापारी अपनी-अपनी दूकानें बंद कर सड़क पर आ गए।
थानाध्यक्ष की इस कार्रवाई के खिलाफ गाजीपुर-आजमगढ़ मार्ग पर बाजार में चक्काजाम कर दिया। जाम शुरू होने के साथ ही दोनों तरफ वाहनों के पहिये थमने भी शुरू हो गए।
कुछ ही देर में काफी लंबी लाइन लग गई। जाम कर रहे लोग थानाध्यक्ष के खिलाफ नारेबाजी कर रहे थे। एक घंटे बाद थानाध्यक्ष पुलिस कर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे और व्यापारियों से गलती के लिए माफी मांगी। इसके बाद लोगों ने अपने गुस्से को शांत करते हुए जाम समाप्त किया। करीब एक घंटा तक जाम चलने से आवागमन करने वालों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। जाम करने वालों में श्यामलाल यादव, राजेश सोनकर, राजेश मद्धेशिया, पप्पू चौहान, रविंद्र, संतोष वर्मा, अशोक वर्मा, विहागड़ यादव आदि शामिल थे।