गाजीपुर। जखनिया विकासखंड के देवा गांव में शौचालय निर्माण के नाम पर दस लाख 20 हजार रुपये गबन के मामले में महिला ग्राम प्रधान एवं ग्राम पंचायत अधिकारी के खिलाफ डीएम के निर्देश पर मुकदमा दर्ज कराया गया है। प्रभारी सहायक विकास अधिकारी पंचायत की तहरीर पर शनिवार की देर शाम पुलिस ने कार्रवाई की। इस कार्रवाई से ग्राम प्रधानों एवं कर्मचारियों में हड़कंप है।
देवा गांव निवासी बोधा जायसवाल ने जिलाधिकारी से शौचालय निर्माण में गड़बड़ी की शिकायत की थी। डीएम के निर्देश के बाद जिला पंचायत राज अधिकारी ने गांव में निर्मित शौचालयों की जांच की। इसमें ग्राम पंचायत में 213 स्वच्छ शौचालयों के निर्माण के लिए 25 लाख 56000 हजार की धनराशि प्राप्त हुई। ग्राम पंचायत द्वारा बीते 26 अक्तूबर तक 191 स्वच्छ शौचालयों के निर्माण के लिए 22 लाख 87 हजार 119 रुपये लिया गया। पूर्व में खंड प्रेरक एवं अन्य कार्मिकों की टीम लगाकर डोर-टू-डोर शौचालयों का सत्यापन कराया गया था। टीम द्वारा जांच में 127 शौचालय निर्मित होना पाया गया था। टीम की रिपोर्ट के आधार पर बीते तीन दिसंबर को डीपीआरओ ने शिकायतकर्ता बोधा जायसवाल के साथ 59 शौचालयों की जांच की। इसमें 59 शौचालयों में 35 पूर्ण, एक अपूर्ण, 18 शौचालय अनिर्मित, दो शौचालय निर्माणाधीन, एक शौचालय की धनराशि अप्राप्त एवं दो शौचालय के लाभार्थियों को जिला स्तर से धनराशि प्राप्त हुई है। इस बीच पाया गया कि पंचायत द्वारा 191 शौचालयों के निर्माण के लिए उतार ली गई धनराशि के सापेक्ष 106 शौचालयों का निर्माण कार्य पूर्ण होना पाया गया था। शेष 85 शौचालयों के निर्माण के लिए ली गई 10 लाख 20 हजार धनराशि गबन कर ली गई थी। जिलाधिकारी ने ग्राम प्रधान को निर्देशित किया था कि सात दिनों के अंदर स्पष्टीकरण साक्ष्य सहित जखनिया खंड विकास अधिकारी के माध्यम से भेजवाना सुनिश्चित करें। डीएम के निर्देश पर विकासखंड जखनिया के प्रभारी सहायक विकास अधिकारी पंचायत फैज अहमद की तहरीर पर महिला ग्राम प्रधान दुखनी देवी एवं सचिव अनिल कुमार दुबे के खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया। इस संबंध में डीपीआरओ रमेश उपाध्याय ने बताया कि गबन के मामले में महिला ग्राम प्रधान एवं सचिव के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया।