अपर सत्र न्यायाधीश, एमपी-एमएलए कोर्ट प्रभारी न्यायाधीश संजय यादव ने शुक्रवार को मुख्तार अंसारी के पुत्र और मऊ विधायक अब्बास अंसारी एवं मुख्तार के साले की जमानत अर्जी खारिज कर दी।
रौजा निवासी व्यापारी नेता अब्बू फकर खां ने कुछ दिन पूर्व शहर कोतवाली में मुख्तार अंसारी, पत्नी आफ्शा अंसारी, पुत्र मऊ विधायक अब्बास अंसारी, साले आतीफ रजा और अनवर शहजाद के खिलाफ जबरन उसकी भूमि रजिस्टरी कराने का मुकदमा दर्ज कराया था।
आरोप था कि वर्ष 2012 में लखनऊ जेल में बंद मुख्तार अंसारी ने बुलाकर रौजा होमियोपैथिक कॉलेज के पास की भूमि अपने पुत्र अब्बास अंसारी के नाम पर करने की धमकी दी थी। विदेश में रहने वाले व्यापारी नेता के भाई के हिस्से की जमीन भी देने के लिए धमकाया था। इसके बाद मुख्तार के दोनों सालों ने जबरन अब्बु फकर खां को अब्बास के घर ले गए, जहां असलहा सटा कर धमकाया था।
इस मामले में आरोपी अनवर शहजाद की जमानत अर्जी खारीज हो चुकी है। बीते 12 अक्तूबर को मुख्तार के साले आतीफ रजा और मुख्तार के पुत्र मऊ विधायक अब्बास अंसारी की जमानत अर्जी पर सुनवाई हुई। न्यायालय ने आदेश को सुरक्षित कर लिया। दूसरे दिन न्यायालय ने उपरोक्त दोनों की जमानत अर्जी को नामंजूर कर दिया।