दिलदारनगर। लद्दाख के न्योमा-चुशूल इलाके से पूर्वाभ्यास कर टी- 72 टैंक से लौट रहे जबुरना गांव निवासी सेना के जवान हवलदार की लाइन ऑफ एक्चुअल कंट्रोल के पास सोमवार की शाम श्योक नदी में बहने से मौत हो गई। पार्थिव शरीर सात अगस्त तक पैतृक गांव आने के आसार हैं।
जबुरना गांव निवासी मुहम्मद अकबर खान (28) वर्ष 2014 में इंजीनियरिंग मुंबई रेजिमेंट आर्मी में भर्ती हुए थे। वह वर्तमान में लद्दाख में हवलदार के पद पर तैनात थे। वह लद्दाख के न्योमा-चुशूल इलाके में पूर्वाभ्यास के बाद देर रात टी -72 टैंक से लौट रहे थे। लाइन ऑफ एक्चुअल कंट्रोल (एलएसी) के पास श्योक नदी का जलस्तर बढ़ने से नदी में बह गए, जिससे उनकी मौत हो गई। घटना की जानकारी होते ही पत्नी दिलनसीन खातून का रो-रोकर बेहाल हैं। जवान का एक वर्ष का एक बेटा है। वह दो भाइयों में बड़े थे। पिता मोहम्मद अख्तर खान, छोटे भाई इस्राफील खान और मां आसमां खातून के रोने की आवाज सुनकर भीड़ जुट गई। गांव के लोग परिजनों को सांत्वना देने में जुटे रहे।