शासन की ओर से आगामी धान खरीद के लिए अभी लक्ष्य तो निर्धारित नहीं किया गया है लेकिन इसकी तैैयारी जोरशोर से चल रही है। खरीद के लिए विभिन्न संस्थाओं के तीस क्रय केंद्रों को स्वीकृति प्रदान कर दी गई है जबकि सात क्रय केंद्रों का प्रस्ताव प्रक्रिया में हैै। जल्द ही इन्हें भी स्वीकृति मिल जाने की उम्मीद है।
धान की खरीद के लिए शासन ने अभी नीति नहीं जारी की है लेकिन खरीद की तैयारी जोरों पर चल रही है। खरीद के लिए विभिन्न संस्थाओं की तरफ से तीस क्रय केंद्रों का प्रस्ताव सौंपा गया था जिसे हाल ही में स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। जिन क्रय केंद्रों को स्वीकृति मिली है उनमें विपणन शाखा के 16, पीसीएफ के 11 एवं कर्मचारी कल्याण निगम के 3 क्रय केंद्र शामिल हैं। इसके अलावा 7 क्रय केंद्रों का प्रस्ताव सौंपा गया जिसे जल्द ही स्वीकृति मिल जाने की उम्मीद है। इनमें एफसीआई का एक, एनसीसीएफ के 4 तथा यूपी एग्रो के 2 क्रय केंद्र शामिल हैं।
जिले में धान की खरीद नवंबर माह से शुरू होती है। आगामी धान खरीद के लिए अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व को खरीद अधिकारी नामित किया गया है। यही नहीं खरीफ विपणन वर्ष 2016-17 में इस बार बोरों में नीले रंग की कलर कोडिंग की जाएगी। मालूम हो कि बीते वर्ष जिले में धान की बंपर खरीद हुई थी। उस दौरान शासन की तरफ से जिले को 1 लाख 34 हजार 500 मीट्रिक टन खरीद का लक्ष्य सौंपा गया था। इसके लिए विभिन्न संस्थाओं के 59 क्रय केंद्र खोले गए थे। निर्धारित अवधि में जिले में 103.06 फीसदी यानी 138617.085 एमटी धान की खरीद हुई थी। इससे 21125 कृषक लाभान्वित हुए थे।
डिप्टी आरएमओ अनूप श्रीवास्तव ने बताया कि धान का लक्ष्य अभी प्राप्त नहीं हुआ है लेकिन खरीद की तैयारी की जा रही है।