जमानिया। गोवंश में लंपी रोग के बढ़ते प्रकोप से भयभीत पशुपालक को जागरूक करने के उद्देश्य से शुक्रवार को पशु चिकित्सक डा. सुशील श्रीवास्तव टीम के साथ ग्राम बरुइन पहुंचे तथा रोगग्रस्त गोवंशों का इलाज कर दवा का वितरण किया। इस दौरान 50 पशु पालकों को दवा का वितरण किया गया और करीब 100 पशुओं को जागरूक किया गया।
मालूम हो कि शुक्रवार को अमर उजाला में प्रकाशित खबर के मद्देनजर पशु चिकित्सक अपनी टीम को लेकर ग्राम बरुइन पहुंचे तथा साहित्यकार राजेंद्र सिंह के दरवाजे पर पशुपालकों संग बैठक कर जागरूक करते हुए दवा बांटी तथा लंपी रोग से ग्रस्त पशुओं का इलाज किया।
इस दौरान उन्होंने कहा कि लंपी रोग से घबराने की जरूरत नहीं बल्कि सही समय पर इलाज करने की आवश्यकता है। यह बीमारी मक्खी से फैलती है। इसमें पशुओं को फीवर होता है और शरीर पर बड़े-बड़े दाने निकल आते हैं, जो घाव बन जाते है। पैर में सूजन भी हो जाता है। वायरल का सात दिन का पीरियड होता है तथा सात दिन के बाद यह स्वत: चला जाता है तथा घाव छोड़ जाता है। इसका इलाज संभव है।
यह रोग सर्वप्रथम राजस्थान में देखा गया तथा जनपद में प्रथम दृष्टया सैदपुर तहसील में प्रकाश में आया। लेकिन अब धीरे-धीरे चारों तरफ फैल रहा है। टीम बनाकर टीकाकरण तेजी से किया जा रहा है। जिस गोवंश में लंपी रोग के लक्षण दृष्टिगत हो तत्काल सूचित किया जाए। गोवंशों की साफ-सफाई पर पूरा ध्यान दिया जाए तथा रोगग्रस्त गोवंश को स्वस्थ गोवंश से दूर रखकर इस महामारी पर काबू पाया जा सकता है। इस दौरान रामअवतार सिंह, कपिलदेव सिंह, गोरख सिंह, शशिकान्त सिंह, राधाकृष्ण सिंह आदि लोग मौजूद रहे।