गाजीपुर में मठसरैयां माइनर के पास तटबन्ध टूटने से पोखरे में भरा नहर का पानी।
- फोटो : GHAZIPUR
मौधा। शारदा सहायक खंड-36 की नहर में बीते 18 जनवरी से पानी आ गया है लेकिन किसानों की उदासी का कारण यह है कि नहर के तटबंध अधिकांश हिस्सों में कमजोर पड़ गए हैं। इन्हें तोड़कर पानी वहां से बहकर चारो तरफ फैलने लगा है। बीते दो दिनों से मठसरैया का तटबंध टूटने के कारण पास में स्थित दो बीघे का पोखरा लबालब भर गया है। इसके अलावा मठसरैया, सौना, इटहाज मौधा, पोखरा मोड़ आदि माइनरों पर गेट न होने की स्थिति में नहर का बड़ी मात्रा में पानी बहकर व्यर्थ हो जा रहा है। हालत यह है कि मठसरैया माइनर से निकला हुआ पानी दो दिनों से तटबंध टूटे होने के कारण पास के पोखरे में समाने लगा था। किसानों ने इसकी खबर नहर विभाग के अधिकारियों को दी लेकिन तटबंधों को बांधने जब कोई नहीं आया। तब हारकर किसान एकजुट हुए और टूटे हुए तटबंध की मरम्मत की और अपनी फसलों को बचाया। लोगों का कहना है कि क्षेत्र की नहरों में जमा सिल्ट की सफाई के नाम पर हर वर्ष सरकार लाखों रुपये खर्च कर देती है लेकिन तटबंधों की मरम्मत न होने के कारण ही नहर का पानी कहीं ओवरफ्लो होने लगता है, तो कहीं किनारा तोड़कर बहने लगता है। इससे नहर के किनारों पर लगी खेतों की फसल पानी में डूबकर बर्बाद हो जाती है।