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Ghazipur News: बाढ़ को लेकर प्रशासन अलर्ट, रेवतीपुर पहुंची एक प्लाटून पीएसी

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गाजीपुर। बाढ़ के संभावित खतरे को देखते हुए शासन और प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट मोड पर है। हालांकि अभी जनपद में किसी प्रकार का खतरा नहीं है। सोमवार को गंगा का जल स्तर 53.350 मीटर पर रहा, जबकि 59.906 मीटर तक सामान्य जल स्तर रहता है। हालांकि प्रदेश के संवेदनशील जनपदों में गाजीपुर के शामिल होने से एहतियातन बाढ़ प्रभावित क्षेत्र रेवतीपुर में एक प्लाटून पीएसी अभी से भेज दी गई है। पीएसी के जवानों का कहना है कि यह सब व्यवस्था तैयारी को लेकर है। आने वाले दिनों में बाढ़ की स्थिति आने पर बेहतर ढंग से राहत-बचाव कार्य किया जा सके।
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बीते शनिवार की रात 34 बटालियन पीएसी भुल्लनपुर वाराणसी बाढ़ राहत बी दल का एक प्लाटून कमांडर मुख्तार यादव के नेतृत्व में पहुंचा। पीएसी का यह प्लाटून रेवतीपुर के कस्तूरबा गांधी छात्रावास में ठहरा है। रेवतीपुर क्षेत्र बाढ़ प्रभावित इलाके में आता है। जनपद में जब-जब गंगा उफान पर आती है है तो इस क्षेत्र में बाढ़ कहर बरपाती है। रेवतीपुर क्षेत्र के नगदीलपुर, अठहठा, हसनपुरा, वीरउपुर आदि गांव बाढ़ की दृष्टि से काफी संवेदनशील माने जाते हैं। वर्ष 2022 के बाढ़ में रेवतीपुर क्षेत्र के अठहठा गांव के समीप नाव डूब जाने से नौ लोगों की जान चली गई थी। डूबे हुए लोगों को बाढ़ के पानी से बाहर निकालने में प्रशासन को 24 घंटे से ज्यादा समय लग गया था। वहीं पीएसी कमांडर मुख्तार यादव ने बताया कि प्रदेश में जितने जिले बाढ़ प्रभावित की श्रेणी में आते हैं, वहां राहत दल भेज दिया गया है। रेवतीपुर एसओ भूपेंद्र निषाद ने बताया कि बाढ़ के संभावित खतरे को देखते हुए पीएसी बचाव दल की एक टीम आ चुकी है। टीम को कस्तूरबा गांधी छात्रावास में ठहराया गया है।
31 अगस्त तक मछली मारने पर रहेगा प्रतिबंध
गाजीपुर। एक जुलाई से 31 अगस्त तक जिले के विभिन्न श्रेणी के जलाशयों तथा नदियों में मछली मारने पर प्रतिबंध रहेगा। यह निर्देश डीएम आर्यका अखौरी की ओर से दिया गया है। उन्होंने कहा कि कोई भी व्यक्ति क्षेत्र के प्राकृतिक बहाव को रोकने के लिए कोई अवरोध नहीं लगाएगा। न ही मत्स्य जीरा, अंगुलिका मछली पकड़ेगा। कोई भी व्यक्ति विस्फोटक पदार्थ और विषैले रसायन से मछली नहीं मारेगा। 15 जुलाई से 30 सितंबर तक मत्स्य जीरा अथवा अंगुलिका की आकार की मछली को न कोई बेचेगा और न ही बिक्री करेगा। साथ ही 30 जुलाई तक प्रजननशील मछलियों के पकड़ने और मारने पर रोक है।
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आंकड़े एक नजर में
61.550 मीटर पर चेतावनी बिंदु
63.105 मीटर पर खतरा बिंदु
65.220 मीटर उच्चतर बाढ़ का स्तर
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