कासिमाबाद सीएचसी पर रोते बिलखते एक प्राइवेट लाइनमैन सुड्डू कुमार के परिजन को संभालती महिलाएं। स
कासिमाबाद कोतवाली क्षेत्र के नगवा गांव के चक बकवल मौजा में रविवार की दोपहर विद्युत खंभे पर ट्रांसफाॅर्मर चढ़ाते समय करंट की चपेट में आने से निजी लाइनमैन की मौत हो गई। लाइनमैन शटडाउन लेकर काम कर रहा था। इसके बावजूद बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई।
घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने दोपहर एक बजे सीएचसी पर हंगामा शुरू कर दिया और पुलिस को शव कब्जे में नहीं लेने दिया। जानकारी होने पर एसडीएम लोकेश कुमार और सीओ अनुभव राजर्षि माैके पर पहुंच गए। अधिकारियों ने पीड़ित परिवार को हरसंभव मदद का आश्वासन दिया तब दोपहर 3:30 बजे मामला शांत हुआ। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर विधिक कार्रवाई शुरू की।
इंदौर गांव निवासी अरविंद कुमार ने बताया कि छोटा भाई सुड्डू कुमार (25) निजी लाइनमैन था। वह नगवा गांव के चक बकवल मौजा में किसान मुख्तार यादव के खेत में ट्रांसफाॅर्मर लगाने गया था। उसके साथ लाइनमैन राकेश और अजय यादव भी थे। शटडाउन लेने के बाद वह विद्युत खंभे पर ट्रांसफार्मर चढ़ाने का काम कर रहा था। इस दौरान बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई, जिससे छोटा भाई सुड्डू झुलस गया। वहां मौजूद दोनों लाइनमैन छोटे भाई को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना के बाद उसकी मां कुमारी देवी सहित परिजन रो-रोकर बेहाल हो गए। ग्रामीण परिजनों को सांत्वना देने में जुटे रहे।
ग्रामीणों ने शटडाउन देने वाले कर्मचारी को तत्काल निलंबित करने और परिवार के भरण-पोषण के लिए एक सदस्य को नौकरी, 50 लाख रुपये आर्थिक मदद और एक एकड़ भूमि देने की मांग की। कासिमाबाद सीओ अनुभव राजर्षि ने बताया कि सुड्डू चार भाइयों में सबसे छोटा था। उस के बड़े भाई अरविंद ने चार लोगों के खिलाफ तहरीर दी है। मामले की छानबीन की जा रही है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। कासिमाबाद एसडीएम लोकेश कुमार ने बताया कि सरकार की ओर से जो भी संभव मदद होगी, वह परिवार को उपलब्ध कराई जाएगी।