गाजीपुर। यातायात सुरक्षा सप्ताह के अंतर्गत सोमवार को सहायक संभागीय परिवहन कार्यालय में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें एआरटीओ और अपर पुलिस अधीक्षक ने यातायात नियम बताते हुए वाहन चालकों को जागरूक किया। सर्वोच्च न्यायालय के निर्देश से उन्हें अवगत कराया गया। अधिकारीद्वय ने कहा कि यातायात नियम का पालन करने पर ही सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सकती है।
इस मौके पर एआरटीओ राम सिंह ने सड़क सुरक्षा जीवन रक्षा की जानकारी देते हुए बताया कि सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशानुसार घायल व्यक्ति को अस्पताल पहुंचाने वाले व्यक्ति से पुलिस द्वारा कोई पूछताछ नहीं होगी। उन्हें दुर्घटना के संबंध में गवाह बनने के लिए बाध्य नहीं किया जाएगा। घायल व्यक्ति का किसी भी अस्पताल में तुरंत उपचार शुरु किया जाएगा। उन्हें अस्पताल के बिल भुगतान के लिए बाध्य नहीं किया जाएगा। उन्होंने चालकों को जागरूक करते हुए कहा कि उच्च गुणवत्ता बीआईएस मार्का हेलमेट अवश्य पहनें। कार चालक एवं सह यात्री सीट बेल्ट का प्रयोग करें। अत्यधिक गति से वाहन न चलाएं। जिग-जैग ड्राइविंग एवं कलाबाजी न करें। वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का प्रयोग कतई न करें। नशे और नींद की स्थिति में वाहन न चलाएं। पैदल यात्री हमेशा जेब्रा क्रासिंग से ही सड़क पार करें। वाहन को हमेशा अपनी लेन में ही चलाएं।
अपर पुलिस अधीक्षक प्रदीप दुबे ने लोगों से यातायात नियमों का पालन करने की अपील करते हुए कहा कि इसका पालन करने पर सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सकती है। बाइक चालक बिना हेलमेट के बाइक न चलाएं और किसी भी हाल में तीन तीन सवारी न चलें। धीमी रफ्तार से बाइक चलाएं। सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए पुलिस और परिवहन विभाग द्वारा स्कूल-कालेजों के साथ ही जगह-जगह कार्यक्रम आयोजित कर जागरुक करने का कार्य किया जा रहा है। इस अवसर पर यातायात प्रभारी सुधीर त्रिपाठी, कर्मचारी राजेश सिंह, शिशिर श्री-वास्तव, अमोल पांडेय, विनोद राय, वाहन स्वामी टनटन सिंह, मुंशी यादव, विजय यादव, नागेंद्र यादव, राजेश यादव, संजय सिंह सहित करीब सौ चालक सहित अन्य लोग उपस्थित थे।