गाजीपुर। जिले में कोरोना के लगातार मरीजों के मिलने के चलते स्वास्थ्य विभाग की नींद उड़ गई है। इसमें अधिकतर लोग बाहर से ही आए हुए हैं। रविवार को भी सात मरीज मिले हैं। इसके पहले, शुक्रवार को 13 मरीज तो गुरुवार को आठ मरीज मिले। इस तरह जिस गांव में भी मरीज मिल रहे हैं। वहां सर्वेक्षण के लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से टीमों का गठन किया जा रहा है।
पहले मिले बिरनो के गोपालपुर, फतेपुर अटवा, गरुआ मकसूदपुर, भरथना, बयेपुर देवकली, सरायगोकुल, राजूपुर, मोहनपुरवा, चौकड़ी चौरा आदि गांवों में सर्वेक्षण का काम शुरू हो गया है। नंदगंज के खिजिरपुर गांव में 1263 लोगों का तो मरदह के नसीरुद्दीनपुर गांव में 926 लोगों का सर्वेक्षण कर लिया गया है। इन दोनों ही गांवों में सैनिटाइजेशन का काम भी किया गया। सर्वेक्षण में अस्वस्थ पाए जाने वाले लोगों की स्क्रीनिंग और सैंपलिंग की जाएगी। इधर, शहर के महुआबाग और दिलदारनगर में बनाए गए हाटस्पाट में अब तक तीन चरणों में स्क्रीनिंग का काम पूरा हो गया है। मस्जिदों, गलियों और मुहल्लों को सैनिटाइज भी कर दिया है। इस क्षेत्र में रहने वाले 12366 लोगों का सर्वेक्षण किया गया। इस दौरान अस्वस्थ पाए जाने पर 2387 लोगों की स्क्रीनिंग भी कर ली गई। प्रशासन की मानें तो अब इस क्षेत्र में सर्वेक्षण का काम पूरा हो गया है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से पहले सात और बाद में दो और कुल नौ टीमें बना दी गई। सर्वेक्षण में घर-घर जाकर लोगों के स्वास्थ्य की जानकारी ली गई। सर्दी, बुखार या अन्य प्रकार से पीड़ित लोगों की स्क्रीनिंग का काम भी किया गया। शहर में कुल 9129 लोगों की और दिलदारनगर के रेड जोन इलाके में कुल 3237 लोगों के सर्वेक्षण का काम पूरा कर लिया गया। एसीएमओ डा. डीपी सिन्हा ने बताया कि कोरोना के प्रसार को रोकने के लिए हर प्रकार की कवायद की जा रही है। नए मरीज मिलने वाले गांवों के लिए भी टीम का गठन किया जा रहा है।