भीमापार(गाजीपुर)। जनता को शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने के लिए बाजार के पश्चिमी छोर पर बनाई गई पानी टंकी का समुचित लाभ लोगों को नहीं मिल पा रहा है। यह टंकी करीब छह माह पहले से बनकर तैयार है। इसे लेकर पाइप लाइन भी बिछा दी गई है। लेकिन विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों की लापरवाही के चलते अब तक इसका लाभ लोगों को नहीं मिल पा रहा है। सभी लोगों को कनेक्शन तक नहीं दिया गया। आलम यह है कि पाइप भी कई जगह से लीक कर रही है, इसके चलते आमजन दूषित पानी पीने को मजबूर है।
नीर निर्मल परियोजना के तहत बाजार में एक करोड़ 98 लाख रुपये की लागत से भव्य पानी टंकी का निर्माण कराया गया। इसकी कुल क्षमता 250 किलोलीटर की है। इसके निर्माण के दौरान घर-घर तक पानी पहुंचाने के लिए 13.119 किलोमीटर पाइप लाइन भी बिछा दी गई है। इस गांव की आबादी करीब तीन हजार है। गांव में अभी तक केवल 350 लोगों को पेयजल कनेक्शन दिया गया हैं, जबकि लक्ष्य के हिसाब से 650 लोगों को कनेक्शन दिया जाना है। लोगों ने बताया कि जो पाइप लाइन बिछी हुई है, वह जगह-जगह से लीक कर रही है, जिससे काफी परेशानी उठानी पड़ रही है। समय से शुद्ध पानी उपलब्ध नहीं होने से लोग दूषित पानी पीने को मजबूर हैं। जानकारी के बाद भी विभाग मौन साधे है। ग्राम प्रधान चंद्र सुरेश यादव ने कहा कि करोड़ों रुपये की लागत से बनी पानी टंकी का लाभ विभागीय उदासीनता के कारण लोगों को नहीं मिल पा रहा है। अवर अभियंता अनिल कुमार ने बताया कि पानी की सप्लाई सुचारू रूप से चालू है, कहीं-कहीं लीकेज की समस्या थी उसे ठीक करा दिया गया है।