गाजीपुर। राष्ट्रीय फाइलेरिया दिवस के अवसर पर 19, 20, 21 दिसंबर को स्वास्थ्य कार्यकर्ता-स्वयंसेवकों की तरफ से दवा की खुराक मुफ्त खिलाई जाएगी। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. जीसी मौर्य ने बताया कि इस रोग में स्वस्थ दिखतेे हुए भी आपके शरीर में रोग के परजीवी हो सकते हैं। मच्छर के काटने से आप दूसरों को भी रोग के परजीवी से संक्रमित कर सकते हैं।
बताया कि इस दवा की खुराक वर्ष में एक बार, लगातार 5-6 वर्ष तक खाने से फाइलेरिया रोग से बचा जा सकता है। उन्होंने बताया कि दो वर्ष से कम आयु के बच्चों एवं गर्भवती महिलाओं एवं गंभीर रोग से ग्रसित व्यक्तियों को दवा न खिलाएं। खाली पेट दवा नहीं खाएं, कुछ खाने के बाद ही दवा खाएं। खाली पेट दवा खाने के बाद अथवा स्वस्थ व्यक्तियों के शरीर में फाइलेरिया रोग के परजीवी होने की दशा में, दवा खाने के बाद पतली दस्त, खुजली, सिरदर्द, चक्कर, बुखार, उल्टी जैसी प्रतिक्रियाएं हो सकती हैं। दवा की यह प्रतिक्रिया क्षणिक और मामूली होती है। ऐसी दशा में आप स्वास्थ्य कार्यकर्ता से अपने नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र फाइलेरिया नियंत्रण इकाई से संपर्क कर सलाह लें। खून में फाइलेरिया परजीवी है या नहीं इसकी जांच के लिए रात में रक्त परीक्षण नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र मेें स्वास्थ्य कार्यकर्ता से करवाएं। इसके परजीवी रक्त परिधि (हाथ, पैर) में रात में ही दिखाई देते हैं।