गाजीपुर। शहर सहित ग्रामीण क्षेत्रों में पैगंबर मोहम्मद साहब के जन्म दिवस के अवसर पर पूरा शहर जश्न के माहौल में डूबा रहा। शहर के कई के साथ ही ग्रामीण इलाकों में इस्लामिल झंडे के साथ बारावफात का जुलूस निकाला गया। इस बीच जश्न-ए-ईद मिलादुन्नबी के जुलूस में नबी की शान में नातिया पढ़ी जाती रही और नाते तकरीर मरहब्बा के नारे बुलंद होते रहे।
शहर के विभिन्न मुहल्लों से निकला गया जुलूस विभिन्न मार्गों से होता हुआ टाउनहाल पर पहुंचा। यहां पर नातिया कलाम पढ़ा गया। बहरियाबाद संवाददाता के अनुसार 12 रबीउल अव्वल (इस्लामिक महीना) को पैगंबरे इस्लाम हजरत मुहम्मद सल्ल. के जन्मदिवस के मौके पर जश्न ईद-मिलादुन्नबी हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। सुबह मुस्लिम परिवारों में मीठे पकवान बनाकर फातिहाख्वानी की गई। दोपहर से उत्तर मुहल्ला स्थिति शमीमुलवरा के आवास से जुलूस बरामद हुआ जो बाजार होते हुए निर्धारित रास्तों से होते हुए वापस पहुंचा। ऐनुलवरा, हाफिज अशफाक, फैजुलवरा, अनीस, दानिशवरा, फिरोज खान, हसीन अहमद, अमीन अंसारी, सदर इमाम आदि शामिल रहे।
रायपुर बाजार स्थित बरकत अली के सहन में जलसा आयोजित किया गया। जामा मस्जिद मलिकन गांव के सहन में संपन्न जलसे को खिताब फरमाते हुए नेपाल से आए मौलाना नईमुलकादरी ने कहा कि अगर हम सब मुहम्मद साहब की जिंदगी को आइनादार बना लें और उनकी समुन्नतों पर अमल करना शुरू कर दें तो हम दीन और दुनिया दोनों में सुरखुरू हो जाएं। पैगंबर ने हमेशा अमन, भाईचारा, हमदर्दी गमगुसारी और वइमदाद का सबक दिया है। मदरसा दारूल उलूम मखदूमिया मखदूमपुर से निकाले गए जुलूस में फेंकू प्रधान, कारी माहताब, शहजाद, आजाद अहमद, मुन्ना आदि शामिल रहे। मुहम्मदाबाद संवाददाता के अनुसार ईद मिलादुननबी का पर्व हर्षोल्लास मनाया गया। मुहम्मदाबाद नगर एवं यूसुफपुर में बाराफात का जुलूस निाकाला गया। जुलूस जामा मस्जिद मुहम्मदाबाद से शुरू होकर सदर रोड, तहसील तिराहा, हाटा रोड, यूसुफपुर बाजार होते हुए पुन: जामा मस्जिद आकर समाप्त हुआ।
यूसुफपुर जामा मस्जिद से निकला बाराफात का जुलूस जमालपुर, फाटक, यूसुफपुर बाजार, हाटा रोड, तहसील तिराहा, इलाहाबाद बैंक रोड होते हुए पुन: जामा मस्जिद यूसुफपुर पर आकर समाप्त हुआ। रात में मस्जिदों में जलसे का आयोजन हुआ। जमानिया संवाददाता के अनुसार मदरसा से निकला जुलूस नगर के विभिन्न मोहल्लों से होता हुआ पांडेय मोड़ और फिर वापस मदरसा वारिस उल उलूम पर पहुंचकर सभा में तब्दील हो गया। इस मौके पर मौलाना तनवीर रजा सेक्रेटरी जामा मस्जिद ने बताया कि मोहम्मद साहब ने दुनिया में आकर इंसानियत और मोहब्बत का पैगाम दिया। नजीबउद्दीन खान, वारसी प्रिंसपल मदरसा वारिस उल उलूम भी नातिया कलाम पेश किया। जुलूस में हाफिज जावेद साहब, निसार वारिस खान, सज्जाद वारिस खान, हयात वारिस खान, ताहिर अहमद, जमीर अहमद, वकार खान आदि शामिल रहे।
नंदगंज संवाददाता के अनुसार श्रीगंज एवं बरहपुर गांव में मदरसा मोहम्मद साहब के जन्म दिन के मौके पर जुलूस निकाला गया। जुलूस श्रीगंज से निकलकर शादियाबाद मोड़ होते हुए चोचकपुर मोड़ तक आया। उसके बाद वापस श्रीगंज मस्जिद के समीप समाप्त हुआ। जुलूस फारुख राइनी, मोबिन, भोलू, मोनू, गोलू, कौसर, मजिद अंसारी आदि शामिाल रहे। गहमर संवाददाता के अनुसार स्थानीय गांव सहित क्षेंत्र बसुका, गहमर, मनिया आदि गांवों में जश्ने ईद मिलादुन्नबी को लेकर जुलूस निकाला गया। जुलूस वलीगंज से निकलकर रामगढ़िया, अबरपुल, चौक, गोपाली चौक, शिवगंज मोड़, बड़ी मठिया, महादेवा, धर्मन चौक, प्रचारिणी सभा मोड़ होते हुए स्थित मजार के पास पहुंचकर समाप्त हुआ। सुहवल संवाददाता के अनुसार क्षेत्र के विभिन्न गांवों में मुस्लिम भाइयों का पवित्र त्योहार बारावाफात के अवसर पर पैंगंबर मोहम्मद शाह के जन्मदिन पर झंडा, जुलूस, जलसा आदि का आयोजन किया गया। मोहम्मदी जनाब अल्लाह शाह फकीर, मोहम्मद सरदार खान साहब, मिब्रान हजरात, मोहम्मद एकराम खां, जवाब मोहम्मद शमशाद खान आदि मौज रहे।