गाजीपुर। जिले में धान की खरीद जोर नहीं पकड़ पा रही है। हालत यह है कि तीन सप्ताह बाद भी विभिन्न संस्थाओं के 112 क्रय केंद्रों की बोहनी तक नहीं हुई है। अब तक 11297 क्विंटल से कुछ अधिक ही खरीद हो पाई है। तेजी न आने के पीछे बीते दिनों हुई बारिश और आवक कम होने को कारण बताया गया है। शासन की ओर से इस बार जिले को 25 लाख 80 हजार क्विंटल धान की खरीद का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके लिए विभिन्न संस्थाओं के 153 क्रय केंद्र खोले गए हैं। इसमें विपणन शाखा के 38, पीसीएफ के 22, यूपीएसएस 13, पीसीयू के 71, मंडी समिति के 8 तथा एफसीआई का एक केंद्र है। धान का समर्थन मूल्य 2369 प्रति क्विंटल निश्चित किया गया है। पहली नवंबर से खरीद शुरु है। बीते दिनों हुई बारिश और आवक धीमी होने के कारण खरीद जोर नहीं पकड़ पा रही है। बीते वर्ष अब तक जहां 55751.30 क्विंटल की खरीद कर ली गई थी। वहीं इस वर्ष अब तक 11297.20 क्विंटल की ही खरीद हो सकी है। यह विभिन्न संस्थाओं के 41 केंद्रों पर 228 किसानों से हुई है। चिंता की बात यह है कि तीन सप्ताह से अधिक का समय बीत जाने के बाद भी 112 केंद्रों पर छटांक भर भी धान की खरीद नहीं हो पाई है। इसमें सबसे खराब स्थिति पीसीयू की है। मिली जानकारी के अनुसार विपणन के 11, पीसीएफ के 21, पीसीयू के 67, यूपीएसएस 11, मंडी समिति और एफसीआई का एक-एक केंद्र शामिल है। धान की बिक्री के लिए अब तक सभी सात तहसील क्षेत्र के 8272 किसानों से पंजीयन कराया है। इसमें जखनिया के 720, सैदपुर 645, सदर 720, मुहम्मदाबाद 1737, जमानिया 1815, कासिमाबाद 1391 और सेवराई के 1244 किसान शामिल हैं।