नंदगंज। हाईवे के चौड़ीकरण के लिए जमीन अधिग्रहण के बाद मुआवजा न मिलने और नक्शे में छेड़छाड़ कर पैमाइश में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए नैसारा गांव के किसानों ने आंदोलन की राह पकड़ ली है। अपनी मांगों को लेकर हनुमान मंदिर परिसर में बेमियादी धरने पर बैठे किसानों ने दूसरे दिन मंगलवार को भी सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। साथ ही आर-पार की लड़ाई का एलान किया। धरना सभा में किसानों ने कहा कि भाजपा सरकार उनकी आवाज को दबाकर लोकतंत्र की हत्या कर रही है। किसान अपनी कीमती भूमि खोकर भुखमरी के कगार पर पहुंच गए हैं। किसानों को अपनी भूमि के हड़पने का भय सता रहा है। उन्होंने कहा कि अधिकारी किसानों की बात नहीं सुन रहे हैं। यही वजह है कि उनकी समस्याओं का निराकरण नहीं हो रहा। ऐसे में अब उनके सामने आंदोलन के सिवा कोई रास्ता नहीं बचा है। वक्ताओं ने कहा कि अब वे चुप नहीं बैठेंगे। अपने हक के लिए अब आरपार की लड़ाई लड़ेंगे। इस अवसर पर कैलाश पांडेय, गोपाल यादव, उमा यादव, नंदलाल विश्वकर्मा, बेचू यादव, अनिल पांडेय, मेवालाल, अवधेश पांडेय आदि मौजूद थे।