गाजीपुर। स्वास्थ्य विभाग में इन दिनों कार्य में लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ लगातार कार्रवाई का क्रम जारी है। सुभाखरपुर स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर ब्लाक कम्युुनिटी प्रोसेस प्रबंधक के पद पर तैनात जिआउल हक खां को सीएमओ ने निलंबित कर दिया। जबकि कासिमाबाद में तैनात ब्लाक कम्युनिटी प्रोसेस प्रबंधक कौशल कुमार चौबे को कठोर चेतावनी देते हुए कार्य में सुधार लाने की चेतावनी दी।
एसीएमओ डॉ. आरके सिन्हा ने बताया कि सुभाखरपुर सीएचसी पर तैनात जिआउल हक खां लंबी अवधि से विभाग में बिना सूचना दिए ही अनुपस्थित थे। विभाग की ओर से कई बार पत्र भेजकर उनको उपस्थित होने की सूचना दी गई। उपस्थित नहीं होने पर उनकी सेवा समाप्त कर दी गई। बताया कि कासिमाबाद में तैनात कौशल चौबे भी प्राय: अनुपस्थित रहते हैं। कार्य भी इनका संतोषजनक नहीं पाया जा रहा है। बीते 29 अगस्त को तत्कालीन डीएम ने स्वास्थ्य समिति की बैठक में कार्रवाई करने का निर्देश दिया था। जिस पर विभाग द्वारा उन्हें कार्य में सुधार लाने की चेतावनी दी गई, लेकिन अभी तक कार्य में कोई सुधार नहीं हुुआ। कार्य में लगातार लापरवाही को देखते हुए उन्हें एक कठोर चेतावनी पत्र के माध्यम से दिया गया है। अब भी उनके कार्यों में सुुधार नहीं हुआ तो सेवा समाप्ति तक की कार्रवाई की जाएगी। विभाग के उच्चाधिकारियों द्वारा लगातार किए जा रहे कार्रवाई से स्वास्थ्य कर्मियों में हड़कंप मचा हुुआ है।
जिला अस्पताल के सर्जन ने दिया इस्तीफा
गाजीपुर। कार्य की अधिकता बढ़ जाने से जिला अस्पताल में सर्जन के पद पर तैनात डॉ. जेपी राय ने गुुरुवार को इस्तीफा दे दिया। सर्जन के इस्तीफा देने के बाद जिला अस्पताल सर्जन विहिन हो गया। उन्होंने सीएमएस और सीएमओ को अपने इस्तीफे का प्रति भेज दी। चिकित्सक के इस्तीफा देने की जानकारी होते ही विभागीय कर्मियों में हड़कंप मच गया। मालूम हो कि वर्षों से जिला अस्पताल में एक ही सर्जन के भरोसे चल रहा था। इसके चलते चिकित्सक को काफी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा था।