गाजीपुर। समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित प्रधानमंत्री अनुसूचित जाति अभ्युदय योजना (पीएम-अजय) के अंतर्गत प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के सम्बन्ध में मुख्य विकास अधिकारी संतोष कुमार वैश्य की अध्यक्षता में बृहस्पतिवार को विकास भवन सभाकक्ष में जिलास्तरीय अभिसरण समिति की बैठक हुई। इसके तहत जिलास्तरीय परियोजना मूल्यांकन सह-अभिसरण समिति द्वारा अनुसूचित जाति के व्यक्तियों को रोजगार उपलब्ध कराकर समाज कल्याण विभाग से लाभान्वित कराये जाने हेतु कुल 10 परियोजनाओं को स्वीकृति प्रदान की गई।
इन 10 परियोजनाओं के तहत ई-रिक्शा योजना, मिनी डेयरी फार्म, दोना एवं प्लेट निर्माण, सुकर पालन, हस्तशिल्प कला, जूट प्रोडक्ट, मशरूम की खेती, बकरी पालन, टेलरिंग शॉप व्यवसाय, मधुमक्खी पालन, टेंट हाउस शामिल हैं। इस योजनान्तर्गत अनुसूचित जाति के व्यक्तियों को समूह के माध्यम से ऋण प्रदान कर लाभान्वित किया जाएगा, जिसमें प्रति लाभार्थी परियोजना लागत का 50 प्रतिशत अथवा अधिकतम 50,000 रुपये समाज कल्याण विभाग द्वारा अनुदान प्रदान किया जाएगा।
प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजनान्तर्गत जनपद में अनुसूचित जाति बाहुल्य कुल 207 गांवों का चयन भारत सरकार द्वारा किया गया है। इनमें से 60 गांवों की ग्राम विकास योजना (वीडीपी) जिला समाज कल्याण अधिकारी (विकास) द्वारा तैयार की गई थी, जिसे समिति के समक्ष विचार एवं अनुमोदन हेतु प्रस्तुत किया गया। समिति द्वारा ग्राम विकास योजना का परीक्षण किया गया तथा मुख्य विकास अधिकारी द्वारा कार्यदायी संस्था- यूपी सिडको को पुनः संबंधित गांवों का स्थलीय निरीक्षण कर आवश्यकता परक मूल्यांकन कर संशोधित ग्राम विकास योजना एक सप्ताह के अंतर्गत पुनः समिति के समक्ष प्रस्तुत करने हेतु निर्देशित किया गया। साथ ही प्रधानमंत्री अनुसूचित जाति अभ्युदय योजना (पीएम-अजय) के द्वितीय घटक ग्रांट इन एड पर विचार-विमर्श किया गया।