गाजीपुर। नए सत्र में बच्चों को पाठ्य पुस्तकों के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा। इसके लिए आगामी सत्र में बच्चों को वितरित करने के लिए किताबें आना शुरू हो गई है। जिले में कक्षा-तीन से आठ तक के दो लाख 40 हजार बच्चों को 18 लाख 35 हजार किताब चाहिए। जिसके सापेक्ष में जिले को अभी तक 10 लाख किताबें मिल चुकी हैं। जल्द ही सत्यापन कर इनको ब्लॉक मुख्यालय पर भेजा जाएगा।
जिले में 2268 परिषदीय विद्यालय, 14 कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय और 229 राजकीय, सहायता प्राप्त बेसिक और माध्यमिक विद्यालय, समाज कल्याण से संचालित और मदरसे सहित 2511 विद्यालय संचालित हैं। इसमें करीब तीन लाख से अधिक बच्चे शिक्षा ग्रहण करते हैं। आगामी सत्र में नौनिहालों को किताबों के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा। विभाग की मानें तो स्कूल खुलने के पहले दिन से बच्चों के बैग में नई किताबें होगी। नए सत्र के लिए जिले पर अभी तक 10 लाख किताबें पहुंच चुकी हैं। अभी आठ लाख 35 हजार किताबें और आनी है, जो एक सप्ताह में आने की उम्मीद है। इस संबंध में जिला समन्वयक अमित राय ने बताया कि कक्षा एक एवं दो में एनसीईआरटी की किताबें लागू की गई हैं लेकिन अभी तक कक्षा एक और दो की किताबें नहीं आ पाई हैं। कक्षा तीन से आठ तक के बच्चों के लिए करीब 10 लाख किताबें आ चुकी हैं। अभी आठ लाख 35 हजार किताबें आनी हैं जो एक सप्ताह में मिलने की उम्मीद है।