दिल्ली के कारोबारी मन्नू वालिया हत्याकांड में वांछित 15 हजार का इनामी शूटर जितेंद्र उर्फ बल्लू को सिहानी गेट पुलिस ने पांच महीने बाद गिरफ्तार किया है। बल्लू और मन्नू दोस्त थे। मन्नू बल्लू के जरिए चचेरे भाई विपुल की हत्या करवाना चाहता था, लेकिन विपुल ने डबल गेम कर बल्लू से ही मन्नू को मरवा दिया।
शुक्रवार को वह कांट्रेक्ट मनी लेने आया तो पुराना बस अड्डा से पुलिस ने उसे दबोचा। आरोपी के कब्जे से एक देसी पिस्टल भी बरामद हुई है। एसपी सिटी सलमान ताज ने बताया कि बल्लू बागपत के थाना बड़ौत स्थित गांव बावली की देशूपट्टी का रहने वाला है।
बल्लू ने बताया कि उसकी मां को कैंसर है। इलाज के लिए मन्नू से डेढ़ लाख रुपये उधार लिए थे। मन्नू को इस दौरान चचेरे भाई विपुल से उसकी पत्नी शालिनी के अफेयर की जानकारी मिली तो उसने विपुल की हत्या की सुपारी उसे दी, बदले में डेढ़ लाख रुपये का कर्ज माफ करने का वादा किया।
बल्लू ने बताया कि उसे मन्नू पर विश्वास नहीं था, इसलिए उसने डबलगेम खेला और विपुल को जानकारी दे दी। फिर विपुल ने मन्नू की हत्या के लिए ढाई लाख रुपये उसे देने का वादा किया और मन्नू के डेढ़ लाख रुपये भी हड़प लेने को कहा। 50 हजार रुपये विपुल ने एडवांस भी दिए।
इसके बाद बल्लू ने साथी के साथ मिलकर 16 सितंबर 2015 की रात राजनगर एक्सटेंशन में मन्नू की हत्या कर दी। पुलिस ने दो दिन बाद विपुल और शालिनी को गिरफ्तार कर वारदात का खुलासा किया था। एसपी सिटी सलमान ताज ने बताया कि आईजी मेरठ ने बल्लू पर 15 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। बल्लू ने हरियाणा में एक डकैती- मर्डर की वारदात की थी।
दूसरे शूटर को भूल गई पुलिस
मन्नू हत्याकांड का खुलासा करते हुए तत्कालीन एसपी सिटी डॉ. अजयपाल शर्मा और साजिशकर्ता विपुल ने खुलासा किया था कि बल्लू ने साथी के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया है।
दोनों हमलावर शूटर थे, जिनमें से बल्लू को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन अब एसपी सिटी सलमान ताज ने बताया कि बल्लू को रिमांड पर लेकर उसके दूसरे साथी के बारे में जानकारी जुटाई जाएगी।