रनियां में अवैध शराब फैक्ट्री का भंडाफोड़ होने के बाद आरोपियों ने इस गोरखधंधे में सियासी संरक्षण की पोल खोली थी। अब पुलिस महकमा इन सफेदपोश नेताओं के परिजनों व रिश्तेदारों के खिलाफ साक्ष्य जुटाने में जुटा है। एसपी ने अधीनस्थों को इस संबंध में निर्देश जारी किए हैं।
फर्रुखाबाद व एटा में अवैध तौर पर बनाई जाने वाली शराब के जहरीली होने से कई लोगों की मौत के बाद जिले के अधिकारी भी सक्रिय हुए हैं। पुलिस अधीक्षक पुष्पांजलि ने कहा कि शराब माफियाओं पर शिकंजा कसने के निर्देश कोतवाल फरमूद अली पुंडीर व रनिया चौकी प्रभारी को दिए हैं।
साथ ही जिले भर के अन्य थानेदारों व कोतवाली प्रभारियों को कहा गया है कि मुखबिरों का तंत्र सक्रिय कर अवैध शराब बनवाने व बिकवाने वाले सफेदपोश नेताओं व उनके गुर्गों को चिह्नित करें। असरदार लोगों के खिलाफ साक्ष्य मिलते ही उन्हें भी गिरफ्तार कर जेल भेजा जाए। उन्होंने कहा कि शराब बनाने व बेचने वालों के साथ ही परदे के पीछे रहकर इस गोरखधंधा का संचालन करने वाले माफिया पर भी शिकंजा कसा जाए। आरोपियों को चिह्नित करने में आबकारी विभाग भी जुटा है।
जिला आबकारी अधिकारी एलबी मिश्रा का कहना है कि उनका विभाग अलर्ट है। ऐसे लोगों पर नजर रखी जा रही है जिनके नाम पकड़े गए लागों ने उजागर किए हैं। वहीं खुफिया तंत्र से भी कई शराब माफियाओं द्वारा राजनीति की आड़ में नकली शराब का कारोबार करने की जानकारियां अफसरों तक पहुंची हैं।