्रभोगनीपुर कोतवाली क्षेत्र के सुखसौरा गांव में बुधवार की दोपहर एक घर में अचानक रसोई गैस सिलेंडर में आग लगने से 18 लोग झुलस गए। आनन-फानन में घायलों को सीएचसी से जिला अस्पताल ले गए, जहां डाक्टरों ने गंभीर रूप से घायलाें को कानपुर के हैलट अस्पताल रेफर किया गया। इनमें तीन की हालत गंभीर बताई जा रही है।
भोगनीपुर क्षेत्र के सुखसौरा निवासी अरविंद कुमार ने बताया कि उसके चचेरे भाई गंभीर की शादी है। मंगलवार को तिलक समारोह था। गुरुवार को लालपुर कसबे के तुर्कीमऊ बारात जानी है। बुधवार को महिलाएं आंगन में गैस चूल्हे पर खाना पका रही थीं।
अचानक रेग्युलेटर से रबड़ निकल गई और सिलेंडर में आग लग गई। जलता हुआ सिलेंडर उछलकर आंगन के ऊपर लगे जाल से टकराकर धमाके के साथ नीचे गिरा। देखते ही देखते कमरे तक आग पहुंच गई और सारा सामान जल गया। वहीं धमाके से गंभीर की मां शिवप्यारी (45), भाई अवधेश (30), गांव की शिववती (50), चंद्रवती (60), केशकली (60), गायत्री(35), सुशीला (60), रामबेटी (50), लीलावती (45), रिश्तेदार खानपुर-रनियां निवासी रामआसरे (42), उसकी पत्नी सावित्री (38), मंगलपुर निवासी रानीदेवी (45), सिहुरा-रनियां निवासी मुन्नीदेवी (47), संतोष कुमार (22) और सोनेलाल (23) समेत 18 लोग झुलस गए। आनन-फानन में एंबुलेंस से सीएचसी लाया गया। यहां से प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल लाया गया, यहां से सभी को कानपुर रेफर कर दिया गया।
हादसे की सूचना पर एसडीएम आरपी त्रिपाठी, डीएसपी डीके यादव, कोतवाल राधामोहन दुबे, एफएसओ शिवदारश प्रसाद पहुंचे। दमकल कर्मियों ने आग बुझाई। हादसे से शादी की खुशियां मातम में बदल गई। गांव में कोहराम मचा रहा।