कानपुर-कासंगज रेल रूट पर हाई स्पीड ट्रेनें दौड़ाने के लिए विद्युतीकरण का काम चल रहा है। इस काम को 2020 तक पूरा करने का लक्ष्य है। विद्युतीकरण के बाद ट्रायल शुरू होगा और फिर कासगंज-मथुरा-पीलीभीत, बरेली रेल मार्गों पर भी विद्युतीकरण का काम शुरू होगा। काम पूरा हो जाने के बाद कानपुर-कासगंज रूट का छह घंटे का सफर मात्र तीन घंटे में पूरा होगा। लखनऊ, इलाहाबाद, शिकोहाबाद, मथुरा व आगरा तक लोकल ट्रेन भी चलेंगी।
इज्जत नगर रेलमार्ग के जनसंपर्क अधिकारी राजेंद्र सिंह ने बताया कानपुर-कासगंज के बीच विद्युतीकरण के आदेश पूर्व में जारी कर दिए गए थे, चालू वित्तीय वर्ष में केंद्र सरकार ने धन भी आवंटित कर दिया है। कल्याणपुर रेलवे स्टेशन तक विद्युतीकरण पूरा कर लिया गया है। अब कानपुर से कासगंज तक करीब 338 किमी लंबे मार्ग पर विद्युतीकरण किया जा रहा है। रेलवे ने कार्यदाई संस्था इरकान को विद्युतीकरण का काम सौंपा है। कानपुर-कासगंज के मध्य विद्युतीकरण होने से लखनऊ-इलाहाबाद-कासगंज-फर्रुखाबाद-कानपुर के लाखों यात्रियों को आवागमन में सुविधा मिलेगी। इसमार्ग पर रेलवे पहले ही हाईस्पीड ट्रेन चलाने के लिए घोषणा कर चुका है। यात्री परामर्श समिति के सदस्य नीरज अवस्थी ने बताया कि रेलमार्ग के विद्युतीकरण से लोगों की कनेक्टविटी बड़े शहरों से होगी और आवागमन में कम समय लगेगा।