फिरोजाबाद। अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वितीय शिकोहाबाद सुब्रत पाठक ने डेढ़ वर्ष पुराने चैक बाउंस के मामले में दोषी को दो वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। बीस लाख रुपये का अर्थदंड लगाया है। अर्थदंड अदा न करने पर तीन माह का अतिरिक्त कारावास भोगना होगा। अर्थदंड में से 19 लाख रुपये पीड़ित को देने के आदेश दिए हैं। मामला थाना शिकोहाबाद क्षेत्र का है। पीड़िता मंजू शर्मा पत्नी सुरमेश बाबू के सुशील कुमार वर्मा निवासी किशननगर से अच्छे संबंध थे। दोनों के मध्य संपत्ति का काम चल रहा था। सुशील कुमार ने 12 लाख का चेक तीन जून 2022 को हस्ताक्षर करके दिया था। उक्त चेक को मंजू ने बैंक में जमा किया तो बैंक का भुगतान रोके जाने की टिप्पण के साथ वापस कर दिया। मंजू शर्मा ने अधिवक्ता के माध्यम से नोटिस भेजा था। भुगतान नहीं होने के कारण परिवाद दायर किया था। मामला सुनवाई को अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट शिकोहाबाद सुब्रत पाठक की न्यायालय चला। अभियोजन अधिकारी सत्यप्रकाश मिश्रा ने बताया न्यायाधीश सुब्रत पाठक ने दोनों पक्षों के तर्क सुनने एवं पत्रावली पर उपलब्ध तमाम साक्ष्य का गहनता से अध्यन करने के बाद सुशील कुमार वर्मा को दोषी पाते हुए दो वर्ष का कारावास की सजा सुनाई है।