शिकोहाबाद। अपर जिलाधिकारी फिरोजाबाद के निरीक्षण के दूसरे दिन एक बार फिर औषधि भंडार गृह से भारी मात्रा में दवाओं का स्टॉक निकाला गया। स्टॉक को कार्टून में सील करके भंडार गृह से निकालकर अस्पताल के नलकूप में छिपाया गया। यह तस्वीरें कैमरे में कैद हो गईं, जिससे अस्पताल के अधिकारियों एवं स्वास्थ्यकर्मियों में अफरा-तफरी मच गई। मात्र दस मिनट के अंतराल पर नलकूप में रखी हुई दवाओं को वहां से भी गायब कर दिया गया। सोमवार को अपर जिलाधिकारी अभिषेक कुमार के निरीक्षण में औषधि भंडार गृह में एक्सपायरी दवाओं का स्टॉक मिला था। जिसे एडीएम ने नायब तहसीलदार के सुपुर्द करवा दिया था। एडीएम के निरीक्षण के दूसरे दिन मंगलवार सुबह एक बार फिर से औषधि भंडार गृह से दवाओं का भारी मात्रा में स्टॉक बाहर निकाला गया। इसे मेडिसन स्टोर इंचार्ज आरएन द्विवेदी, फार्मासिस्ट रामनक्षत्र सिंह ने सफाईकर्मियों सुम्मेर सिंह एवं प्रमोद कुमार के अलावा अन्य कर्मचारियों की मदद से मंगलवार सुबह चोरी-छिपे स्टोर से निकलवाकर स्टोर के पास बने नलकूप में छिपा दिया गया। स्वास्थ्यकर्मियों का यह कारनामा आपके अखबार अमर उजाला के कैमरे में कैद हो गया। आनन-फानन में सीएमएस डाॅ. एसपी शर्मा, नोडल अधिकारी डाॅ. केशव भी सूचना मिलने पर मौके पर आ गए। मामला बढ़ता देख स्वास्थ्यकर्मियों ने अबकी बार चोरी-छिपे नलकूप में रखी हुई दवाओं के पूरे स्टॉक को वहां से गायब कर दिया।
स्टोर से कबाड़ निकाला गया होगा
दवाओं के स्टॉक का मामला पकड़ में आने के बाद स्वास्थ्य अधिकारी दवाओं के स्टॉक को कबाड़ साबित करने में जुट गए। नोडल अधिकारी डाॅ. केशव द्वारा कबाड़ बताने की बात खुद में कई सवाल खड़े कर रही है। आखिर कबाड़ को सील पैक करके नलकूप में क्यूं छिपाया जा रहा था।
हमने आकस्मिक निरीक्षण के दौरान स्टोर को चेक किया था। तब एक कार्टून में एक्सपायरी दवाएं पकड़ में आई थीं। अब जहां तक मामला दवाओं के कार्टूनों को नलकूप में छिपाने का है। तो इस मामले की पुष्टि होने के बाद जांच करके संबंधित के खिलाफ विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
अभिषेक कुमार सिंह
अपर जिलाधिकारी, फिरोजाबाद
फोटो-01-स्टोर से नलकूप में दवाएं छिपाते मेडिसन स्टोर इंचार्ज एवं अन्य
फोटो-02-नलकूप की कोठरी में रखीं दवाएं
फोटो-03-मामला बढ़ने पर दवाएं निकालकर खाली किया गया नलकूप