एसआर फैक्ट्री अग्निकांड की जांच करते अधिकारी।
एसआर ग्लास फैक्ट्री में आग लगने से दो श्रमिकों की मौत की जांच शुरू हो गई। प्रशासनिक टीम गुरुवार को फैक्ट्री पहुंची। एडीएम उदय सिंह की अध्यक्षता में टीम ने जांच के साथ कई सवाल भी किए। फैक्ट्री संचालक कुछ बताने के बजाय चुप्पी साधे दिखाई दिए। इस दौरान टीम को कई खामियां मिलीं। साथ ही फैक्ट्री में मानक अनुरूप कई कार्य नहीं मिले हैं।
एसआर ग्लास फैक्ट्री में मंगलवार को आग लग गई थी। इसमें नीरज और पूरन सिंंह जिंदा जल गए थे। डीएम नेहा शर्मा ने एडीएम उदय सिंंह की अध्यक्षता में जांच टीम गठित की थी। एसडीएम सदर रवींद्र मांदड़, कार्य वाहक जीएम डीआईसी राजीव पाठक,प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारी विश्वनाथ शर्मा,एक्सईएन पीडब्ल्यूडी संजीव सक्सेना को साथ लेकर गुरुवार को फैक्ट्री में जांच करने पहुंचे। टीम ने सवाल उठाया कि तीन माह पूर्व फैक्ट्री चालू हुई तो फायर एवं प्रदूषण नियंत्रण विभाग से एनओसी ली गई थी। जो श्रमिक काम कर रहे थे वो पंजीकृत थे या नहीं। फैक्ट्री एक्ट का पालन किया गया या नहीं, यहां किसी दुर्घटना होने पर आपातकालीन गेट का कोई इंतजाम ही नहीं किया गया। मैनेजर अशोक अग्रवाल का कहना था कि सुपरवाइजर ही मजदूर लाते हैं। इसलिए पंजीयन नहीं हुआ था। जांच टीम ने वहां प्रतिदिन होने वाले उत्पादन का ब्योरा फैक्ट्री संचालक से मांगा है। जांच टीम ने माना कि फैक्ट्री के अंदर प्राकृतिक गैस की लाइन ही गलत ढंग से जा रही थी। प्रभारी जीएम राजीव पाठक ने कहा कि फैक्ट्री एक्ट के नियमों का उल्लंघन है। फैक्ट्री मालिक को एक वर्ष तक की सजा एवं एक लाख जुर्माना का प्रावधान है। जांच टीम ने करीब एक घंटे तक पड़ताल की। लेखपाल राधेश्याम के अलावा स्टाफ मौजूद रहा।
जांच टीम के समक्ष बदले दिखे स्वर
फिरोजाबाद (ब्यूरो)। फैक्ट्री के मैनेजर अशोक अग्रवाल आग लगने वाले दिन खुद श्रमिकों को मगौड़े खिलाकर घर जाने की बात कह रहे थे। वे बंदी वाले दिन श्रमिकों को बुलाने की बात से कतराते दिखे। बोले कि दौज पर लोडिंग करनी थी। श्रमिक खुद ही आए होंगे। जांच टीम के अध्यक्ष एडीएम उदय सिंह ने कहा कि बिना बुलाए फैक्ट्री में कोई कैसे प्रवेश कर सकता है। आग लगने के बाद भी सभी गायब हो गए थे। उन्होंने कहा कि मैं (एडीएम) यहां रात में था। लोडिंग के लिए दो ट्रकों को भी खड़ा देखा था। इस पर मैनेजर एवं फैक्ट्री संचालक चुप्पी साध गए।
दो वर्ष से बंद थी फैक्ट्री
फिरोजाबाद (ब्यूरो)। एडीएम उदय सिंह और एसडीएम सदर रवींद्र मांदड़ को प्रांजल मित्तल बताया दो वर्ष से फैक्ट्री बंद थी। पिछले माह ही इसे चालू किया था। पहले फैक्ट्री को गिरीश माहेश्वरी, सचिन गर्ग आदि चला रहे थे।