शुक्रवार को जमीं से लेकर आसमान तक कोहरे की सफेद चादर तनी रही। हाईवे पर तेज रफ्तार दौड़ने वाले वाहनों की गति कोहरे ने थाम दी। आलू उत्पादक किसानों के भी चेहरों पर चिंता के भाव दिखाई दिए। सरकारी और अर्द्ध सरकारी कार्यालयों में सर्दी का असर साफ दिखाई दिया। कर्मचारी कहीं हीटर तो कोई बाहर ही आग जलाकर ताप रहे थे। स्कूलों में छोटे-छोटे बच्चे ठिठुरते हुए पहुंचे। शाम के वक्त बुजुर्गों ने जल्दी ही रजाई पकड़ ली।
शीतलहर को शुक्रवार को घने कोहरे ने और बढ़ा दिया। हाईवे पर तेज रफ्तार में दौड़ने वाले वाहन भी रेंगते दिखाई दिए। आगर से फीरोजाबाद तक का सफर तीन से साढ़े तीन घंटे में तय हो सका। हर किसी का सर्दी से हाल-बेहाल था। कोहरे के कारण वाहन चालकों को दिक्कत हुई वहीं आलू का उत्पादन करने वाले किसान चिंतित थे। क्योंकि यदि आलू की फसल की सिंचाई नहीं की तो फिर आलू में झुलसा रोग लगना तय है। इसका सीधा असर पैदावार पर पड़ेगा।
सरकारी दफ्तरों, बैंकों में दिखा सर्दी का असर
सर्दी सरकारी कार्यालयों पर हावी दिखाई दी। विकास भवन प्रांगण के बाहर कर्मचारी लकड़ी जलाकर अलाव ताप रहे थे। कलक्ट्रेट के बाहर इसी तरह का नजारा देखने को मिला। कार्यालयों के अंदर तो कोई रूम हीटर चलाते दिखा तो कोई पुराने कागज ही जलाकर ताप रहे थे। नगर निगम, सेवायोजन, जल निगम के साथ सीएमओ सहित अन्य कार्यालयों में इस तरह की स्थिति देखने को मिली।
स्कूलों में ठिठुरते हुए पहुंचे बच्चे
कक्षा एक से पांच तक पढ़ने वाले बच्चे स्कूलों में ठिठुरते हुए पहुंचे। शीतलहर के कारण उनके चेहरे तक लाल पड़ रहे थे। छुट्टियां नहीं होने के कारण परिजन कोई स्कूल तक छोड़ने जा रहा था कोई लेने के लिए दौड़ लगा रहा था। इंटर तक कालेजों में कोई छात्र-छात्राओं के द्वारा भी पढ़ाई नहीं हो पा रही थी। क्लासों में हवा के कारण हाथ ठिठुर रहे थे। इतनी सर्दी के कारण पैन भी नहीं चला पा रहे थे।
गर्म कपड़ों की दुकानों पर बढ़ी भीड़
बाजार में शीतलहर के कारण गर्म कपड़ों की दुकानों पर ग्राहक दिखाई देते हैं लेकिन अन्य दुकानों पर सन्नाटा रहता है। यही कारण है कि शाम को बाजार भी समय से पहले ही बंद हो जाता है। शाम के वक्त मूंगफली, गजक और भुने आलू एवं शकरकंदी की ठेल पर ही भीड़ दिखाई देती है।
फसलों को झुलसने से बचाएं
कृषि वैज्ञानिक डा. सुभाष शर्मा ने कहा कि नमी बढ़ने के साथ आलू में पिछैती झुलसा रोग लगने की संभावना भी बढ़ेगी। पिछैती झुलसा से बचाव को आलू उत्पादक किसान मेगनीज कार्बामेंट 2.0 से 2.5 किलोग्राम को 800 या एक हजार लीटर पानी में घोल बनाकर प्रति हेक्टेयर की दर से छिड़काव करें। दूसरा छिड़काव कॉपर ऑक्सीक्लोराइड 2.5 से तीन किलोग्राम या जिंक मैगनीज कार्बामेंट दो या ढाई किलोग्राम दोनों में से किसी एक का 800 या एक हजार लीटर पानी में घोल बनाकर प्रति हेक्टेयर की दर से छिड़काव करें।
हर पंचायत में जलवाएं अलाव
डीएम विजय किरन आनंद ने डीपीआरओ इंद्रपाल सिंह को निर्देश दिए कि वह ग्राम पंचायतों के जरिए प्रत्येक पंचायत में अलाव जलवाएं। लेखपालों को हर गांव के गरीबों को कंबल बांटने के आदेश दिए।
बंदियों की हालत दिखी खराब
शीतलहर के कारण कोर्ट में पेशी को लाए जा रहे बंदी भी परेशान थे। बंद गाड़ी नहीं होने के कारण तेज हवा चलने से उनकी हालत खराब थी। क्योंकि अधिकांश बंदियों के पास गर्म कपड़े भी परिवारीजनों ने नहीं पहुंचाए हैं।
दिन में वाहनों की लाइट जली
शिकोहाबाद। सुबह करीब 11 बजे तक सूरज के दर्शन नहीं हुए थे। हाईवे पर भी कोहरे के चलते वाहन भी रेग-रेंग कर लाइट जलाकर गुजरे। चाय की दुकानों पर लोग दिन भर चुस्कियां लेते दिखाई दिए। कोहरे व गलन के चलते जन जीवन पूरी तरह प्रभावित रहा।
कक्षा एक से आठवीं तक की 26 तक छुट्टी
शीतलहर को देखते हुए डीएम ने कक्षा नर्सरी से आठवीं तक के विद्यालयों में शीतकालीन अवकाश घोषित कर दिया हैै। बीएसए बालमुकुंद प्रसाद ने बताया 20 से 26 दिसंबर तक जनपद के कक्षा आठवीं के सभी विद्यालय बंद रहेंगे। यह निर्देश परिषदीय, अनुदानित, मान्यता प्राप्त, राजकीय, सीबीएससी, आईसीएससी एवं सभी अंग्रेजी माध्यमों के विद्यालयों पर लागू होगा। उन्होंने निर्देश दिए यदि कोई विद्यालय खुला मिलता है तो कार्रवाई की जाएगी।
कोहरे ने थामी ट्रेनों की रफ्तार
कोहरे के चलते शुक्रवार को दर्जनों ट्रेनें अपने निर्धारित समय से तीन से आठ घंटे देरी से चलीं। ट्रेनों की लेट-लतीफी व कड़ाके की सर्दी में यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ गया। गुरुवार रात से शुरू हुए कोहरा से ट्रेनों संचालन और भी गड़बड़ा गया। शताब्दी और राजधानी सहित कई ट्रेनें देरी से चलीं। कोहरे के चलते रेलवे प्रशासन ने शुक्रवार से तीन पैसेंजर/ईएमयू ट्रेनों को और रद कर दिया। एटा पैसेंजर, कानपुर-टूंडला पैसेंजर, टूंडला-कानपुर पैसेंजर को 15 फरवरी तक के लिए रद कर दिया गया है।
कोहरे के चलते देरी से चलने वाली ट्रेनें-
हाबड़ा राजधानी एक्सप्रेस, सियादाह राजधानी एक्सप्रेस, पटना राजधानी एक्सप्रेस, इसी तरह नई दिल्ली से हाबड़ा, पटना व सियादा राजधानी एक्सप्रेस, पूर्वा एक्सप्रेस, रीवा एक्सप्रेस, मगध एक्सप्रेस, स्वतंत्रता सेनानी एक्सप्रेस, संपर्क क्रांति एक्सप्रेस, पारसनाथ एक्सप्रेस, जनसाधारण एक्सप्रेस,गोहाटी एक्सप्रेस, अनन्या एक्सप्रेस, कालका मेल , कालका मेल, महानंदा एक्सप्रेस नॉर्थ ईस्ट एक्सप्रेस तीच से आठ घंटे देरी से चल रहीं है
इसके अलावा स्वर्ण जयंती एक्सप्रेस, हाबड़ा-नई दिल्ली एक्सप्रेस, जोधपुर-हाबड़ा एक्सप्रेस, फरक्खा एक्सप्रेस, अवध एक्सप्रेस, ऊंचाहार एक्सप्रेस, लिक्ष्वी एक्सप्रेस, जनता एक्सप्रेस, पुरषोत्तम एक्सप्रेस, ब्रह्मपुत्र मेल, शिवगंगा एक्सप्रेस, मरुधर एक्सप्रेस,कैफियत एक्सप्रेस, झारखंड एक्सप्रेस, वैशाली एक्सप्रेस, गोरखधाम एक्सप्रेस,जियारत एक्सप्रेस सहित अप व डाउन के लगभग सभी ट्रेनें तीन से आठ घंटे देरी से चल रहीं थीं।