फिरोजाबाद। डीएम रमेश रंजन ने आईजीआरएस की शिकायतों का संतोषपूर्ण निस्तारण नहीं किए जाने के मामले को गंभीरता से लिया है। उन्होंने जिला आबकारी अधिकारी,एआरटीओ,उपायुक्त मनरेगा,अधिशाषी अभियंता पीडब्ल्यूडी,बिजली सहित करीब 50 से अधिक अधिकारियों का अगस्त माह का वेतन रोकने का आदेश दिया है।
डीएम रमेश रंजन ने आईजीआरएस पर प्राप्त होने वाली शिकायतों के निस्तारण की गुणवत्ता काफी खराब होती जा रही है। पिछले वर्ष जहां जिले की रैंक प्रदेश में 29 वें स्थान पर थी। वहीं इस बार 15 पायदान नीचे खिसक कर 44 स्थान पर पहुंच गई है। इसके पीछे बड़ा कारण अधिकारियों के द्वारा शिकायतों का संतोषपूर्ण ढंग से निस्तारण नहीं किया जाना रहा है। जिलाधिकारी ने खराब फीडबैक पाए जाने के कारण जिला आबकारी अधिकारी रविशंकर वर्मा,अधिशाषी अभियंता जलनिगम,अधिशाषी अभियंता प्रांतीय खंड पीडब्ल्यडी विभाग, एआरटीओ प्रवर्तन के साथ ही खाद्य निरीक्षक फिरोजाबाद,पीओ नेडा,खंड शिक्षादिकारी मदनपुर,नारखी, चकबंदी अधिकारी सिरसागंज,सब रजिस्टार सिरसागंज,वरिष्ठ बांट माप एवं विपणन अधिकारी,परियोजना अधिकारी डूडा, अधिशाषी अभियंता विद्युत सिरसागंज,जिला उद्यान अधिकारी का अगस्त माह का वेतन रोकने के आदेश दिए है। इसके साथ ही जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी, अधिशाषी अभियंता उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास, जिला उपायुक्त मनरेगा, सब रजिस्टार फिरोजाबाद, डायट प्राचार्य, जिला युवा कल्याण अधिकारी, अधिशाषी अभियंता ग्रामीण, बीडीओ फिरोजाबाद, शिकोहाबाद, मदनपुर, एका, अरांव, हाथवंत, सहायक विकास अधिकारी फिरोजाबाद, शिकोहाबाद, नारखी, अरांव, मदनपुर, जसराना, एसडीएम फिरोजाबाद सतेंद्र सिंह, जसराना, शिकोहाबाद,तहसीलदार जसराना, फिरोजाबाद, सिरसागंज व टूंडला एवं सीडीपीओ एका,अरांव,टूंडला,नारखी शामिल है। एक साथ अधिकारियों का वेतन रोकने की कार्रवाई किए जाने से अफसर भी हैरान रह गए हैं।