फिरोजाबा। जिले में निजी विद्यालयों के 25 प्रतिशत गरीब बच्चों को प्रवेश देने के लिए शिक्षा के अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत तीसरे चरण का सोमवार से आवेदन शुरू हो गया। 15 अप्रैल से आठ मई तक ऑनलाइन माध्यम से प्रवेश लिया जाएगा। पहले व दूसरे चरण में आए आवेदनों में से 2551 आलाभित व दुर्बल बच्चों को विद्यालय आवंटन हो चुका है।
आरटीई के तहत जिले में करीब 350 निजी विद्यालय चिह्नित हैं। इन विद्यालयों में आसपास के आलाभित व दुर्बल समूह के बच्चों को आरटीई के तहत निशुल्क प्रवेश दिया जा रहा है। इसके लिए दो चरणों की आवेदन प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। पहले चरण में 1184 और दूसरे चरण में 1367 पात्र बच्चों को निजी विद्यालय की सीटें आवंटित की गई हैं। जिला समन्वयक (सामुदायिक शिक्षा) वैभव कुमार ने बताया कि चयनित पात्र विद्यार्थियों को निजी विद्यालयों की 25 प्रतिशत सीटों पर प्रवेश पाने का अधिकार है। जहां आलाभित व दुर्बल समूह के बच्चे निशुल्क व अनिवार्य शिक्षा हासिल कर सकेंगे।
सोमवार से तीसरे चरण में आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। कोई भी पात्र अभिभावक अपने बच्चे को निजी स्कूलों में प्रवेश दिलाने के लिए ऑनलाइन माध्यम से आगामी आठ मई तक आवेदन कर सकता है। वहीं बीईओ व बीएसए स्तर से सत्यापन के बाद लॉटरी माध्यम से पात्र विद्यार्थियों को प्रवेश दिया जाएगा।
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चयनित बच्चों का कराया जा रहा दाखिला
-शिक्षा के अधिकार अधिनियम के तहत निजी विद्यालयों की 25 प्रतिशत सीटों पर दाखिला पाने का अधिकार है। जिसके तहत आलाभित व दुर्बल समूह के बच्चों को प्रवेश दिया जा रहा है। तीसरे चरण की आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। जरूरी प्रपत्रों के साथ ऑनलाइन माध्यम से निजी विद्यालयों में आवेदन किया जा सकता है।
आशीष पांडेय, बीएसए