- टूंडला में आवासीय असुविधाओं पर जताई नाराजगी
- अमृत भारत योजना के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी
फिरोजाबाद/शिकोहाबाद/टूंडला/। उत्तर मध्य रेलवे (एनसीआर) के महाप्रबंधक (जीएम) नरेशपाल सिंह ने बुधवार को टूंडला-कानपुर रेलखंड का विशेष निरीक्षण किया। उन्होंने अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत चल रहे विकास कार्यों की प्रगति, गुणवत्ता और समय-सीमा की गहन समीक्षा की। हालांकि, इस दौरान उन्होंने टूंडला की न्यू रेलवे कॉलोनी में आवासों के आसपास फैली झाड़ियों को देखकर सख्त नाराजगी जताई। इधर शिकोहाबाद में जीएम के सामने किसान नेताओं ने ट्रैक पर धरना दिया।
जीएम नरेशपाल सिंह अपनी स्पेशल ट्रेन परख से सुबह करीब 7:30 बजे टूंडला स्टेशन पहुंचे। उन्होंने मुख्य भवन में टिकट विंडो और सर्कुलेटिंग एरिया का निरीक्षण किया। उन्होंने विकास कार्यों में तेजी लाने और उन्हें उच्च गुणवत्ता, पारदर्शिता और सुरक्षा मानकों के साथ पूरा करने पर जोर दिया। उन्होंने रेलवे अस्पताल का दौरा कर उपलब्ध चिकित्सीय सेवाओं और सुविधाओं का आकलन किया और सुधारात्मक कार्रवाई के निर्देश दिए। निरीक्षण यान से उतरने के बाद कार से न्यू रेलवे कॉलोनी का दौरा करने के दौरान, आवासों के आसपास खड़ी झाड़ियों को देखकर जीएम ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने पूर्वी गेट पर गिरे हुए ओवरब्रिज के हिस्से का भी निरीक्षण किया।
समय से काम पूरा करने का निर्देश
टूंडला के बाद जीएम और डीआरएम रजनीश अग्रवाल 10:45 बजे फिरोजाबाद स्टेशन पहुंचे। जीएम ने प्लेटफॉर्म एक और दो, आरपीएफ बैरक, और वाटर बूथ पर पीने के पानी की व्यवस्था को परखा। जीएम ने चल रहे कायाकल्प के कार्य को समय से पूरा करने के स्पष्ट निर्देश दिए। उन्होंने रेल कोच रेस्टोरेंट के संबंध में भी जानकारी ली और सीनियर सेक्शन इंजीनियर वर्क्स कार्यालय में बारीकी से पड़ताल की।
नीमखेरिया के पास अंडरपास बनवाने समेत कई मांगें उठाईं
शिकोहाबाद स्टेशन पर जीएम ने पुर्नविकास कार्य का निरीक्षण किया और गुणवत्तापूर्ण कार्य जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। हालांकि, जब वह विशेष ट्रेन से गंतव्य के लिए रवाना होने वाले थे, तभी भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) के पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं ने रेल ट्रैक पर बैठकर धरना शुरू कर दिया। जीएम ने किसान नेताओं से बातचीत की। भाकियू गुट के प्रदेश सचिव योगेश यादव ने ज्ञापन सौंपकर मुख्य रूप से दो मांगें रखीं, जिनमें गांव नीमखेरिया के पास अंडरपास बनवाने, जिससे लगभग 80 गांव, जिनमें नगला बांध, नगला जवाहर, आमरी, ऊमरी, आदि शामिल हैं, के लोगों को आवागमन में राहत मिल सके। साथ ही शिकोहाबाद स्टेशन पर मगध एक्सप्रेस, फरक्का एक्सप्रेस, सूबेदारगंज-देहरादून एक्सप्रेस, हावड़ा-जोधपुर एक्सप्रेस जैसी महत्वपूर्ण ट्रेनों का ठहराव की मांग की।