फिरोजाबाद। जिले में किडनी रोगियों की संख्या लगातार बढ़ रही है। मरीजों को बेहतर सुविधा देने के लिए मेडिकल अस्पताल में डायलिसिस मशीनों की संख्या पिछले दो वर्ष में 15 से बढ़ाकर 20 कर दी गई है, लेकिन अब तक एक भी नेफ्रोलॉजिस्ट की तैनाती नहीं हो सकी है। विशेषज्ञ चिकित्सक के अभाव में गंभीर मरीजों का उपचार रामभरोसे होता है।
मेडिकल कॉलेज में प्रतिदिन करीब 60 मरीजों की डायलिसिस की जाती है। डायलिसिस के दौरान मरीज की हालत बिगड़ने पर अस्पताल में नेफ्रोलॉजिस्ट नहीं होने से चिकित्सकीय टीम को तत्काल फिजीशियन से ऑन-कॉल परामर्श लेना पड़ता है। आवश्यकता पड़ने पर आगरा या दिल्ली जैसे बड़े केंद्रों के लिए रेफर करना पड़ता है। मेडिकल कॉलेज में नेफ्रोलॉजिस्ट की तैनाती की मांग तेज हो गई है।
मेडिकल कॉलेज में चरणबद्ध तरीके से विशेषज्ञ चिकित्सकों की तैनाती होती है। आगामी दिनों में नेफ्रोलॉजिस्ट की तैनाती भी होगी। - डाॅ. योगेश गोयल, प्राचार्य
मेडिकल कॉलेज