मासूम के कटे अंगों का नहीं लग सका सुराग
- पुलिस ने मुठभेड़ में गिरफ्तार हत्यारोपी फूफा को भेजा जेल
संवाद न्यूज एजेंसी
शिकोहाबाद। मासूम महक के हत्याकांड के आरोपी फूफा को पुलिस ने मुठभेड़ में पकड़ने के बाद जेल भेज दिया। इस मामले में मासूम के कटे हुए अंगों का अब तक कोई सुराग नहीं लग सका है। पुलिस इस मामले में अभी अन्य तथ्यों की जांच कर रही है।
थाना क्षेत्र के अंतर्गत दर्जी गली इमामबाड़ा निवासी मोहम्मद आकिब की डेढ़ वर्षीय पुत्री महक का उसके फूफा गुलफाम ने अपहरण किया था। जिसका अपहरण करने के बाद उसने मासूम को ईंट से कुचलकर एवं छुरे से हाथ और कान काटकर मौत के घाट उतार दिया था। पुलिस ने आरोपी को घटना के कुछ घंटों बाद ही हिरासत में ले लिया था। जिससे पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की, तो उसने पूरी कहानी बयां कर दी थी। रविवार को पंजाबी कॉलोनी में मासूम का शव मिला था। जिसके बाद पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त हथियार बरामद करने का प्रयास किया, तो आरोपी ने पुलिस पर तमंचे से फायर कर दिया था। इस मुठभेड़ में पुलिस ने आरोपी के बाएं पैर में गोली मारकर उसे घायल कर दिया। पुलिस ने अपने जारी किए गए प्रेस नोट में आरोपी को रात साढ़े 11 बजे गिरफ्तार करना दर्शाया है। हालांकि पुलिस ने आरोपी को जेल भेज दिया, लेकिन मासूम का कटा हुआ हाथ-कान का अब तक कोई सुराग नहीं लग सका है। जिसके चलते पुलिस अब इस मामले में अन्य तथ्यों को जुटाने में लगी हुई है।
रात को मुठभेड़ में दर्शायी गिरफ्तारी पुलिस ने मासूम के हत्यारोपी फूफा को गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस को उसको जेल भेजना था, लेकिन मुठभेड़ में गिरफ्तार दर्शाने के बाद पुलिस ने आरोपी को जेल भेजा है। आखिर आरोपी की गिरफ्तारी का समय क्यों बदल दिया गया। यह बात किसी के गले नहीं उतर रही है।