फिरोजाबाद। यूपी बोर्ड परीक्षाओं का मूल्यांकन अंतिम चरण में चल रहा है। तिलक इंटर कॉलेज में उत्तरपुस्तिका जांचता हुआ एक फर्जी परीक्षक पकड़ा गया। एक शिक्षक ने अपनी मदद के लिए अपने भाई को मूल्यांकन केंद्र पर बुलाया था। मामला डीआईओएस रितु गोयल के संज्ञान में पहुंचा तो परीक्षक के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के आदेश दिए गए।
तिलक इंटर कॉलेज में ट्रेड विषय हिंदी टाइपिंग की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन चल रहा था। इसमें एसआरके इंटर कॉलेज के शिक्षक शिवशंकर शर्मा उत्तर-पुस्तिकाओं का मूल्यांकन कर रहे थे। उनके साथ चंद्रकांत शर्मा नाम का एक बाहरी व्यक्ति आया और उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन करने लगा। अन्य परीक्षकों के संज्ञान में आने के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया। उत्तरपुस्तिका जांच रहा बाहरी व्यक्ति मामला बढ़ता देखकर भाग निकला।
डीआईओएस के संज्ञान में मामला आया तो उन्होंने प्रधानाचार्य हरिओम झा को एफआईआर दर्ज कराने के आदेश दिए। डीआईओएस रितु गोयल स्वयं भी तिलक इंटर कॉलेज में मौके पर पहुंची। शिक्षक शिव शंकर शर्मा ने डीआईओएस को बताया कि वो खाना देने आया था, फिर बताया कि दवा देने आया है। डीआईओएस ने दवा दिखाने को कहा तो शिक्षक दवा न दिखा सका। इस पर डीआईओएस ने शिक्षक को फटकार लगाई। डीआईओएस ने शिक्षक शिवशंकर, उत्तरपुस्तिका मूल्यांकन में सहयोग कर रहे बाहरी व्यक्ति के साथ ही कॉलेज के मुख्य द्वार पर तैनात चतुर्थश्रेणी कर्मचारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के आदेश दिए हैं।
डीआईओएस रितु गोयल ने बताया कि सूचना मिली थी कि एक बाहरी व्यक्ति मूल्यांकन कार्य में सहयोग कर रहा है। कुछ लोगों ने वीडियो भी बनाई है। हमने शिक्षक शिवशंकर शर्मा, बाहरी व्यक्ति चंद्रकांत शर्मा और गेट पर तैनात कर्मचारी के खिलाफ एफआईआर के आदेश दिए हैं। वहीं एसएचओ नीरज मिश्रा ने बताया कि अभी तक इस मामले में तहरीर नहीं दी गई है।