अपनी बीमारी से परेशान होकर एक होमगार्ड ने रविवार सुबह घर पर ही तमंचे से कनपटी पर गोली मारकर आत्महत्या कर ली। गोली की आवाज सुनकर परिवारीजन उसे लेकर जिला अस्पताल पहुंचे लेकिन इससे पहले ही उसकी मौत हो चुकी थी।
मोहल्ला शंकरपुरी निवासी राजेश कश्यप उर्फ राजू (46) पुत्र मिट्ठूलाल शिकोहाबाद थाने में तैनात था। दो माह पूर्व उसे कैंसर होने की जानकारी हुई। इससे राजू मानसिक रूप से परेशान रहने लगा। रविवार सुबह 10 बजे वह घर से कहीं गया और एक घंटे बाद लौटकर आया। बताते हैं वह अपने साथ तमंचा लेकर आया था। आते ही वह अपने कमरे में गया और बेड पर बैठकर उसने तमंचे से अपनी कनपटी पर गोली मार ली। फायरिंग की आवाज सुनते ही घर में मौजूद मां, छोटा भाई और राजू की पुत्रियां दौड़कर कमरे में आईं। यहां राजू बेड पर खून से लथपथ पड़ा था। चीखपुकार की आवाज सुनकर पड़ोसी भी मौके पर एकत्रित हो गए। राजू को आनन फानन में जिला संयुक्त चिकित्सालय लाया गया लेकिन इससे पहले ही राजू ने दम तोड़ दिया। उधर, राजू की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
बेटियों की शादी की चिंता थी
शिकोहाबाद (ब्यूरो)। होमगार्ड राजू की मां ने रोते हुए बताया कि दो माह पहले ही राजू की जीभ में कैंसर होने की जानकारी हुई थी। पड़ोस में रहने वाले नंदकिशोर, जिनके गाल में कैंसर है, ने राजू से अपने साथ चलकर जांच कराने की बात कही थी। राजू की बहन, जो लखनऊ में महिला सिपाही है, ने लखनऊ पीजीआई में जांच कराने को कहा था। हालांकि राजू कैंसर से मानसिक रूप से परेशान चल रहा था। राजू के तीन पुत्रियां और एक पुत्र है। दो पुत्रियां शादी के लिए रह गई थीं। बताते हैं कि राजू को चिंता थी कि यदि उसकी बीमारी में रुपया खर्च हो जाएगा तो बेटियों की शादी कैसे होगी? माना जा रहा है कि इसी ऊहापोह में उसने यह कदम उठाया।